॥ श्लोकानां विश्लेषिका ॥ — पदच्छेद, पदपरिचय, पदार्थ, अन्वय, भावार्थ व व्याकरण
"+" = एक ही लिखित शब्द के भीतर सन्धि-विच्छेद · डैश (-) वाले = समास का पूर्वपद
अर्थ: बदबू आना, दुर्गन्ध आना
संस्कृत: पूतीभावे
अंग्रेज़ी: to have rotten smell, to have bad smell
सम्भावित विश्लेषण (सबसे सम्भावित पहले):
लट् लकार, परस्मैपद (कर्तरि):
| पुरुष | एकवचन | द्विवचन | बहुवचन |
|---|---|---|---|
| प्रथम | कुथ्यति | कुथ्यतः | कुथ्यन्ति |
| मध्यम | कुथ्यसि | कुथ्यथः | कुथ्यथ |
| उत्तम | कुथ्यामि | कुथ्यावः | कुथ्यामः |
दसों लकार (प्रथम पुरुष, एकवचन): लट्: कुथ्यति · लिट्: चुकोथ · लुट्: कोथिता · लृट्: कोथिष्यति · लोट्: कुथ्यतात् · लङ्: अकुथ्यत् · विधिलिङ्: कुथ्येत् · आशीर्लिङ्: कुथ्यात् · लुङ्: अकोथीत् · लृङ्: अकोथिष्यत्
प्रमुख कृदन्त: ल्युट्: कोथन · ण्वुल्: कोथकः · तृच्: कोथिता · ण्यत्: कोथ्यः · तव्य: कोथितव्यः · अनीयर्: कोथनीयः · क्त: कुथितः · क्तवतु: कुथितवान् · शतृ: कुथ्यन् · स्य-शतृ: कोथिष्यन् · क्त्वा: कुथित्वा · ल्यप्: प्रकुथ्य · तुमुन्: कोथितुम् · णमुल्: कोथम् · घञ्: कोथः · क्तिन्: कुत्ति · क्वसु: चुकुथ्वान्
| पदम् | विवरणम् |
|---|---|
| कुथ्यति | कुथ् धातु (दिवादिगण, परस्मैपद) — लट् लकार, प्रथम पुरुष, एकवचन अन्य सम्भावना: कुथ्यत् (पुं.) — सप्तमी विभक्ति, एकवचन · कृदन्त: कुथ् + शतृ | कुथ्यत् (नपुं.) — सप्तमी विभक्ति, एकवचन · कृदन्त: कुथ् + शतृ |
कुथ्यति ➤ बदबू आना, दुर्गन्ध आना
संस्कृत: पूतीभावे
इस शब्द के प्रातिपदिक अमरकोश की पर्याय-सूची में नहीं मिले (क्रिया, अव्यय, सर्वनाम व नाम प्रायः अमरकोश में नहीं होते)।
इस श्लोक में शब्दों के भीतर कोई सन्धि नहीं पहचानी गई।
कोई समस्त पद नहीं पहचाना गया (या पूरा सामासिक शब्द कोश में सीधे मिल गया)।
कोई कृदन्त पद नहीं पहचाना गया।
कोई तद्धितान्त पद नहीं पहचाना गया।
विश्लेषण-समय: ०.२ सेकण्ड