🕉️ 28 October 2026, Wednesday · 07:25:06 PM · CDSHARMA.IN

🕉️ श्लोकार्थ-बोधिनी

॥ श्लोकानां विश्लेषिका ॥ — पदच्छेद, पदपरिचय, पदार्थ, अन्वय, भावार्थ व व्याकरण

मार्जयतु

लम्बा गद्य (४००० अक्षर तक) भी लिख सकते हैं — वाक्य-वार विश्लेषण होगा। एक शब्द लिखने पर उसका अर्थ, सभी सम्भावित रूप, और पूरी शब्दरूप/धातुरूप तालिका दिखेगी।

🔎 पहचाना गया: एक शब्द

🔔 मूलशब्दः

क्षणोति

🌸 पदच्छेदः स्वचालित

क्षणोति

"+" = एक ही लिखित शब्द के भीतर सन्धि-विच्छेद · डैश (-) वाले = समास का पूर्वपद

📖 शब्दकोशः — शब्द का पूर्ण परिचय कोश-आधारित

क्षणोति

अर्थ: मारना, जान से मार देना

संस्कृत: हिंसायाम्

अंग्रेज़ी: to kill, to destroy, to irritate, to cause pain, to hurt, to break

सम्भावित विश्लेषण (सबसे सम्भावित पहले):

  1. क्षण् धातु (तनादिगण, परस्मैपद) — लट् लकार, प्रथम पुरुष, एकवचन

  📘 धातु-रूपावली में सभी लकार

धातुरूप — क्षण् (तनादिगण) · अर्थ: मारना, जान से मार देना (हिंसायाम्)

लट् लकार, परस्मैपद (कर्तरि):

पुरुषएकवचनद्विवचनबहुवचन
प्रथमक्षणोतिक्षणुतःक्षण्वन्ति
मध्यमक्षणोषिक्षणुथःक्षणुथ
उत्तमक्षणोमिक्षणुवः / क्षण्वःक्षणुमः / क्षण्मः

दसों लकार (प्रथम पुरुष, एकवचन): लट्: क्षणोति · लट् (आत्मने.): क्षणुते · लिट्: चक्षाण · लिट् (आत्मने.): चक्षणे · लुट्: क्षणिता · लुट् (आत्मने.): क्षणिता · लृट्: क्षणिष्यति · लृट् (आत्मने.): क्षणिष्यते · लोट्: क्षणुतात् · लोट् (आत्मने.): क्षणुताम् · लङ्: अक्षणोत् · लङ् (आत्मने.): अक्षणुत · विधिलिङ्: क्षणुयात् · विधिलिङ् (आत्मने.): क्षण्वीत · आशीर्लिङ्: क्षण्यात् · आशीर्लिङ् (आत्मने.): क्षणिषीष्ट · लुङ्: अक्षणीत् · लुङ् (आत्मने.): अक्षणिष्ट · लृङ्: अक्षणिष्यत् · लृङ् (आत्मने.): अक्षणिष्यत

प्रमुख कृदन्त: ल्युट्: क्षणन · ण्वुल्: क्षाणकः · तृच्: क्षणिता · ण्यत्: क्षाण्यः · तव्य: क्षणितव्यः · अनीयर्: क्षणनीयः · क्त: क्षतः · क्तवतु: क्षतवान् · शतृ: क्षण्वन् · स्य-शतृ: क्षणिष्यन् · शानच्: क्षण्वानः · क्त्वा: क्षत्वा · ल्यप्: प्रक्षत्य · तुमुन्: क्षणितुम् · णमुल्: क्षाणम् · घञ्: क्षाणः · क्तिन्: क्षति · क्वसु: चक्षण्वान्

🌹 पदपरिचयः स्वचालित

पदम्विवरणम्
क्षणोतिक्षण् धातु (तनादिगण, परस्मैपद) — लट् लकार, प्रथम पुरुष, एकवचन

🌷 पदार्थः कोश-आधारित

क्षणोति ➤ मारना, जान से मार देना
संस्कृत: हिंसायाम्

📚 अमरकोश-सम्बन्धः अमरकोश

इस शब्द के प्रातिपदिक अमरकोश की पर्याय-सूची में नहीं मिले (क्रिया, अव्यय, सर्वनाम व नाम प्रायः अमरकोश में नहीं होते)।

⚙️ व्याकरणम् स्वचालित

❖ सन्धिः

इस श्लोक में शब्दों के भीतर कोई सन्धि नहीं पहचानी गई।

❖ समासः

कोई समस्त पद नहीं पहचाना गया (या पूरा सामासिक शब्द कोश में सीधे मिल गया)।

❖ कृदन्तः

कोई कृदन्त पद नहीं पहचाना गया।

❖ तद्धितान्तः

कोई तद्धितान्त पद नहीं पहचाना गया।

विश्लेषण-समय: ०.२ सेकण्ड

⚑ कोई विश्लेषण गलत लगा? सूचित करें — इससे साधन सुधरता है
यह साधन कैसे काम करता है: सब कुछ इसी वेबसाइट के सर्वर पर होता है — कोई बाहरी API/AI नहीं, आपका श्लोक कहीं भेजा या सहेजा नहीं जाता। पदच्छेद पाणिनीय सन्धि-नियमों के उल्टे प्रयोग से, पदपरिचय लगभग ७.५ लाख शब्द-रूपों व १.२ लाख प्रातिपदिकों के कोश से, अर्थ आप्टे संस्कृत-हिन्दी कोश व अमरकोश से, और अन्वय विभक्ति-क्रम के नियमों से बनता है। स्वचालित होने से कहीं-कहीं विकल्प गलत चुना जा सकता है (हर पद के "अन्य सम्भावना" देखें); श्रीमद्भागवत के श्लोकों पर साइट की जाँची हुई टीका दिखती है।
शब्द-डेटा साभार: ashtadhyayi.com (शब्दरूप, धातुरूप, आप्टे संस्कृत-हिन्दी कोश, अमरकोश) · सूत्र-लिंक: लघुसिद्धान्तकौमुदी।
💬 ज्योतिषीय प्रश्न पूछें