🕉️ 28 October 2026, Wednesday · 07:40:20 PM · CDSHARMA.IN

🕉️ श्लोकार्थ-बोधिनी

॥ श्लोकानां विश्लेषिका ॥ — पदच्छेद, पदपरिचय, पदार्थ, अन्वय, भावार्थ व व्याकरण

मार्जयतु

लम्बा गद्य (४००० अक्षर तक) भी लिख सकते हैं — वाक्य-वार विश्लेषण होगा। एक शब्द लिखने पर उसका अर्थ, सभी सम्भावित रूप, और पूरी शब्दरूप/धातुरूप तालिका दिखेगी।

🔎 पहचाना गया: एक शब्द

🔔 मूलशब्दः

घृण्णते

🌸 पदच्छेदः स्वचालित

घृण्णते

"+" = एक ही लिखित शब्द के भीतर सन्धि-विच्छेद · डैश (-) वाले = समास का पूर्वपद

📖 शब्दकोशः — शब्द का पूर्ण परिचय कोश-आधारित

घृण्णते

अर्थ: लेना

संस्कृत: ग्रहणे

अंग्रेज़ी: to take

सम्भावित विश्लेषण (सबसे सम्भावित पहले):

  1. घृण्ण् धातु (भ्वादिगण, आत्मनेपद) — लट् लकार, प्रथम पुरुष, एकवचन
  2. घृण्णता (स्त्री.) — चतुर्थी विभक्ति, एकवचन · कृदन्त: घृण्ण् + घञ् · तद्धित: घृण्ण + तल् (भाववाचक)
  3. घृण्णता (स्त्री.) — सम्बोधन, एकवचन · कृदन्त: घृण्ण् + घञ् · तद्धित: घृण्ण + तल् (भाववाचक)
  4. घृण्णता (स्त्री.) — प्रथमा विभक्ति, द्विवचन · कृदन्त: घृण्ण् + घञ् · तद्धित: घृण्ण + तल् (भाववाचक)
  5. घृण्णता (स्त्री.) — द्वितीया विभक्ति, द्विवचन · कृदन्त: घृण्ण् + घञ् · तद्धित: घृण्ण + तल् (भाववाचक)
  6. घृण्णता (स्त्री.) — सम्बोधन, द्विवचन · कृदन्त: घृण्ण् + घञ् · तद्धित: घृण्ण + तल् (भाववाचक)

  📘 धातु-रूपावली में सभी लकार

धातुरूप — घृण्ण् (भ्वादिगण) · अर्थ: लेना (ग्रहणे)

लट् लकार, आत्मनेपद (कर्तरि):

पुरुषएकवचनद्विवचनबहुवचन
प्रथमघृण्णतेघृण्णेतेघृण्णन्ते
मध्यमघृण्णसेघृण्णेथेघृण्णध्वे
उत्तमघृण्णेघृण्णावहेघृण्णामहे

दसों लकार (प्रथम पुरुष, एकवचन): लट् (आत्मने.): घृण्णते · लिट् (आत्मने.): जघृण्णे · लुट् (आत्मने.): घृण्णिता · लृट् (आत्मने.): घृण्णिष्यते · लोट् (आत्मने.): घृण्णताम् · लङ् (आत्मने.): अघृण्णत · विधिलिङ् (आत्मने.): घृण्णेत · आशीर्लिङ् (आत्मने.): घृण्णिषीष्ट · लुङ् (आत्मने.): अघृण्णिष्ट · लृङ् (आत्मने.): अघृण्णिष्यत

प्रमुख कृदन्त: ल्युट्: घृण्णन · ण्वुल्: घृण्णकः · तृच्: घृण्णिता · ण्यत्: घृण्ण्यः · तव्य: घृण्णितव्यः · अनीयर्: घृण्णनीयः · क्त: घृण्णितः · क्तवतु: घृण्णितवान् · शानच्: घृण्णमानः · क्त्वा: घृण्णित्वा · ल्यप्: प्रघृण्ण्य · तुमुन्: घृण्णितुम् · णमुल्: घृण्णम् · घञ्: घृण्णः · क्तिन्: घृण्ण्टि · क्वसु: जघृण्ण्वान्

🌹 पदपरिचयः स्वचालित

पदम्विवरणम्
घृण्णतेघृण्ण् धातु (भ्वादिगण, आत्मनेपद) — लट् लकार, प्रथम पुरुष, एकवचन
अन्य सम्भावना: घृण्णता (स्त्री.) — चतुर्थी विभक्ति, एकवचन · कृदन्त: घृण्ण् + घञ् · तद्धित: घृण्ण + तल् (भाववाचक) | घृण्णता (स्त्री.) — सम्बोधन, एकवचन · कृदन्त: घृण्ण् + घञ् · तद्धित: घृण्ण + तल् (भाववाचक)

🌷 पदार्थः कोश-आधारित

घृण्णते ➤ लेना
संस्कृत: ग्रहणे

📚 अमरकोश-सम्बन्धः अमरकोश

इस शब्द के प्रातिपदिक अमरकोश की पर्याय-सूची में नहीं मिले (क्रिया, अव्यय, सर्वनाम व नाम प्रायः अमरकोश में नहीं होते)।

⚙️ व्याकरणम् स्वचालित

❖ सन्धिः

इस श्लोक में शब्दों के भीतर कोई सन्धि नहीं पहचानी गई।

❖ समासः

कोई समस्त पद नहीं पहचाना गया (या पूरा सामासिक शब्द कोश में सीधे मिल गया)।

❖ कृदन्तः

कोई कृदन्त पद नहीं पहचाना गया।

❖ तद्धितान्तः

कोई तद्धितान्त पद नहीं पहचाना गया।

विश्लेषण-समय: ०.१ सेकण्ड

⚑ कोई विश्लेषण गलत लगा? सूचित करें — इससे साधन सुधरता है
यह साधन कैसे काम करता है: सब कुछ इसी वेबसाइट के सर्वर पर होता है — कोई बाहरी API/AI नहीं, आपका श्लोक कहीं भेजा या सहेजा नहीं जाता। पदच्छेद पाणिनीय सन्धि-नियमों के उल्टे प्रयोग से, पदपरिचय लगभग ७.५ लाख शब्द-रूपों व १.२ लाख प्रातिपदिकों के कोश से, अर्थ आप्टे संस्कृत-हिन्दी कोश व अमरकोश से, और अन्वय विभक्ति-क्रम के नियमों से बनता है। स्वचालित होने से कहीं-कहीं विकल्प गलत चुना जा सकता है (हर पद के "अन्य सम्भावना" देखें); श्रीमद्भागवत के श्लोकों पर साइट की जाँची हुई टीका दिखती है।
शब्द-डेटा साभार: ashtadhyayi.com (शब्दरूप, धातुरूप, आप्टे संस्कृत-हिन्दी कोश, अमरकोश) · सूत्र-लिंक: लघुसिद्धान्तकौमुदी।
💬 ज्योतिषीय प्रश्न पूछें