॥ श्लोकानां विश्लेषिका ॥ — पदच्छेद, पदपरिचय, पदार्थ, अन्वय, भावार्थ व व्याकरण
"+" = एक ही लिखित शब्द के भीतर सन्धि-विच्छेद · डैश (-) वाले = समास का पूर्वपद
अर्थ: मार डालना, दुःख देना, पीड़ा देना
संस्कृत: हिंसायाम्
अंग्रेज़ी: to kill, to destroy, to hurt, to irritate
सम्भावित विश्लेषण (सबसे सम्भावित पहले):
लट् लकार, परस्मैपद (कर्तरि):
| पुरुष | एकवचन | द्विवचन | बहुवचन |
|---|---|---|---|
| प्रथम | चुम्बति / चुम्बयति | चुम्बतः / चुम्बयतः | चुम्बन्ति / चुम्बयन्ति |
| मध्यम | चुम्बयसि / चुम्बसि | चुम्बथः / चुम्बयथः | चुम्बथ / चुम्बयथ |
| उत्तम | चुम्बयामि / चुम्बामि | चुम्बयावः / चुम्बावः | चुम्बयामः / चुम्बामः |
दसों लकार (प्रथम पुरुष, एकवचन): लट्: चुम्बति · लट् (आत्मने.): चुम्बयते · लिट्: चुचुम्ब · लिट् (आत्मने.): चुम्बयाञ्चक्रे · लुट्: चुम्बयिता · लुट् (आत्मने.): चुम्बयिता · लृट्: चुम्बयिष्यति · लृट् (आत्मने.): चुम्बयिष्यते · लोट्: चुम्बतात् · लोट् (आत्मने.): चुम्बयताम् · लङ्: अचुम्बत् · लङ् (आत्मने.): अचुम्बयत · विधिलिङ्: चुम्बयेत् · विधिलिङ् (आत्मने.): चुम्बयेत · आशीर्लिङ्: चुम्ब्यात् · आशीर्लिङ् (आत्मने.): चुम्बयिषीष्ट · लुङ्: अचुचुम्बत् · लुङ् (आत्मने.): अचुचुम्बत · लृङ्: अचुम्बयिष्यत् · लृङ् (आत्मने.): अचुम्बयिष्यत
प्रमुख कृदन्त: ल्युट्: चुम्बन · ण्वुल्: चुम्बकः · तृच्: चुम्बिता · यत्: चुम्ब्यः · ण्यत्: चुम्ब्यः · तव्य: चुम्बितव्यः · अनीयर्: चुम्बनीयः · क्त: चुम्बितः · क्तवतु: चुम्बितवान् · शतृ: चुम्बन् · स्य-शतृ: चुम्बिष्यन् · शानच्: चुम्बयमानः · क्त्वा: चुम्बित्वा · ल्यप्: प्रचुम्ब्य · तुमुन्: चुम्बितुम् · णमुल्: चुम्बम् · घञ्: चुम्बः · क्तिन्: चुम्प्ति · क्वसु: चुचुम्ब्वान्
| पदम् | विवरणम् |
|---|---|
| चुम्बति | चुम्ब् धातु (चुरादिगण, परस्मैपद) — लट् लकार, प्रथम पुरुष, एकवचन अन्य सम्भावना: चुम्ब् धातु (भ्वादिगण, परस्मैपद) — लट् लकार, प्रथम पुरुष, एकवचन | चुम्बता (स्त्री.) — सप्तमी विभक्ति, एकवचन · तद्धित: चुम्ब + तल् (भाववाचक) |
चुम्बति ➤ मार डालना, दुःख देना, पीड़ा देना
संस्कृत: हिंसायाम्
इस शब्द के प्रातिपदिक अमरकोश की पर्याय-सूची में नहीं मिले (क्रिया, अव्यय, सर्वनाम व नाम प्रायः अमरकोश में नहीं होते)।
इस श्लोक में शब्दों के भीतर कोई सन्धि नहीं पहचानी गई।
कोई समस्त पद नहीं पहचाना गया (या पूरा सामासिक शब्द कोश में सीधे मिल गया)।
कोई कृदन्त पद नहीं पहचाना गया।
कोई तद्धितान्त पद नहीं पहचाना गया।
विश्लेषण-समय: ०.१ सेकण्ड