॥ श्लोकानां विश्लेषिका ॥ — पदच्छेद, पदपरिचय, पदार्थ, अन्वय, भावार्थ व व्याकरण
"+" = एक ही लिखित शब्द के भीतर सन्धि-विच्छेद · डैश (-) वाले = समास का पूर्वपद
अर्थ: उत्पन्न करना, पैदा करना
संस्कृत: जनने
अंग्रेज़ी: to create, to procreate, to make
सम्भावित विश्लेषण (सबसे सम्भावित पहले):
लट् लकार, परस्मैपद (कर्तरि):
| पुरुष | एकवचन | द्विवचन | बहुवचन |
|---|---|---|---|
| प्रथम | जजन्ति | जजातः | जज्ञति |
| मध्यम | जजंसि | जजाथः | जजाथ |
| उत्तम | जजन्मि | जजन्वः | जजन्मः |
दसों लकार (प्रथम पुरुष, एकवचन): लट्: जजन्ति · लिट्: जजान · लुट्: जनिता · लृट्: जनिष्यति · लोट्: जजन्तु · लङ्: अजजन् · विधिलिङ्: जजन्यात् · आशीर्लिङ्: जन्यात् · लुङ्: अजनीत् · लृङ्: अजनिष्यत्
प्रमुख कृदन्त: ल्युट्: जनन · ण्वुल्: जनकः · तृच्: जनिता · ण्यत्: जन्यः · तव्य: जनितव्यः · अनीयर्: जननीयः · क्त: ज्ञितः · क्तवतु: ज्ञितवान् · शतृ: जज्ञत्/जज्ञद् · स्य-शतृ: जनिष्यन् · क्त्वा: जनित्वा · ल्यप्: प्रजाय · तुमुन्: जनितुम् · णमुल्: जनम् · घञ्: जनः · क्तिन्: जाति · क्वसु: जेनिवान्
| पदम् | विवरणम् |
|---|---|
| जजन्ति | जन् धातु (जुहोत्यादिगण, परस्मैपद) — लट् लकार, प्रथम पुरुष, एकवचन अन्य सम्भावना: जज् धातु (भ्वादिगण, परस्मैपद) — लट् लकार, प्रथम पुरुष, बहुवचन | जजत् (नपुं.) — प्रथमा विभक्ति, बहुवचन · कृदन्त: जज् + शतृ |
जजन्ति ➤ उत्पन्न करना, पैदा करना
संस्कृत: जनने
इस शब्द के प्रातिपदिक अमरकोश की पर्याय-सूची में नहीं मिले (क्रिया, अव्यय, सर्वनाम व नाम प्रायः अमरकोश में नहीं होते)।
इस श्लोक में शब्दों के भीतर कोई सन्धि नहीं पहचानी गई।
कोई समस्त पद नहीं पहचाना गया (या पूरा सामासिक शब्द कोश में सीधे मिल गया)।
कोई कृदन्त पद नहीं पहचाना गया।
कोई तद्धितान्त पद नहीं पहचाना गया।
विश्लेषण-समय: ०.१ सेकण्ड