॥ श्लोकानां विश्लेषिका ॥ — पदच्छेद, पदपरिचय, पदार्थ, अन्वय, भावार्थ व व्याकरण
"+" = एक ही लिखित शब्द के भीतर सन्धि-विच्छेद · डैश (-) वाले = समास का पूर्वपद
अर्थ: तीक्ष्ण करना, धार लगाना, चमकाना, क्षमा करना, सहना
संस्कृत: निशाने क्षमायाम् च
अंग्रेज़ी: to sharpen, to whet, to endure, to tolerate, to bear, to forgive
सम्भावित विश्लेषण (सबसे सम्भावित पहले):
लट् लकार, आत्मनेपद (कर्तरि):
| पुरुष | एकवचन | द्विवचन | बहुवचन |
|---|---|---|---|
| प्रथम | तितिक्षते | तितिक्षेते | तितिक्षन्ते |
| मध्यम | तितिक्षसे | तितिक्षेथे | तितिक्षध्वे |
| उत्तम | तितिक्षे | तितिक्षावहे | तितिक्षामहे |
दसों लकार (प्रथम पुरुष, एकवचन): लट् (आत्मने.): तितिक्षते · लिट् (आत्मने.): तितिक्षाञ्चक्रे · लुट् (आत्मने.): तितिक्षिता · लृट् (आत्मने.): तितिक्षिष्यते · लोट् (आत्मने.): तितिक्षताम् · लङ् (आत्मने.): अतितिक्षत · विधिलिङ् (आत्मने.): तितिक्षेत · आशीर्लिङ् (आत्मने.): तितिक्षिषीष्ट · लुङ् (आत्मने.): अतितिक्षिष्ट · लृङ् (आत्मने.): अतितिक्षिष्यत
प्रमुख कृदन्त: ल्युट्: तितिक्षण · ण्वुल्: तितिक्षकः · तृच्: तितिक्षिता · यत्: तितिक्ष्यः · तव्य: तितिक्षितव्यः · अनीयर्: तितिक्षणीयः · क्त: तितिक्षितः · क्तवतु: तितिक्षितवान् · शानच्: तितिक्षमाणः · क्त्वा: तितिक्षित्वा · ल्यप्: प्रतितिक्ष्य · तुमुन्: तितिक्षितुम् · णमुल्: तितिक्षम् · घञ्: तितिक्षः · क्तिन्: तितिक्ष्टि · क्वसु: तितिक्षाम्बभूवान्
| पदम् | विवरणम् |
|---|---|
| तितिक्षते | तिज् धातु (भ्वादिगण, आत्मनेपद) — लट् लकार, प्रथम पुरुष, एकवचन अन्य सम्भावना: तितिक्षता (स्त्री.) — चतुर्थी विभक्ति, एकवचन · कृदन्त: तिज् + घञ् · तद्धित: तितिक्ष + तल् (भाववाचक) | तितिक्षता (स्त्री.) — सम्बोधन, एकवचन · कृदन्त: तिज् + घञ् · तद्धित: तितिक्ष + तल् (भाववाचक) |
तितिक्षते ➤ तीक्ष्ण करना, धार लगाना, चमकाना, क्षमा करना, सहना
संस्कृत: निशाने क्षमायाम् च
इस शब्द के प्रातिपदिक अमरकोश की पर्याय-सूची में नहीं मिले (क्रिया, अव्यय, सर्वनाम व नाम प्रायः अमरकोश में नहीं होते)।
इस श्लोक में शब्दों के भीतर कोई सन्धि नहीं पहचानी गई।
कोई समस्त पद नहीं पहचाना गया (या पूरा सामासिक शब्द कोश में सीधे मिल गया)।
कोई कृदन्त पद नहीं पहचाना गया।
कोई तद्धितान्त पद नहीं पहचाना गया।
विश्लेषण-समय: ०.२ सेकण्ड