॥ श्लोकानां विश्लेषिका ॥ — पदच्छेद, पदपरिचय, पदार्थ, अन्वय, भावार्थ व व्याकरण
"+" = एक ही लिखित शब्द के भीतर सन्धि-विच्छेद · डैश (-) वाले = समास का पूर्वपद
अर्थ: शत्रु पर आक्रमण करना, आगे जाना, समीप जाना
संस्कृत: अभिगमने
अंग्रेज़ी: to assail,to attack, to advance towards
सम्भावित विश्लेषण (सबसे सम्भावित पहले):
लट् लकार, परस्मैपद (कर्तरि):
| पुरुष | एकवचन | द्विवचन | बहुवचन |
|---|---|---|---|
| प्रथम | द्यौति | द्युतः | द्युवन्ति |
| मध्यम | द्यौषि | द्युथः | द्युथ |
| उत्तम | द्यौमि | द्युवः | द्युमः |
दसों लकार (प्रथम पुरुष, एकवचन): लट्: द्यौति · लिट्: दुद्याव · लुट्: द्योता · लृट्: द्योष्यति · लोट्: द्युतात् · लङ्: अद्यौत् · विधिलिङ्: द्युयात् · आशीर्लिङ्: द्यूयात् · लुङ्: अद्यौषीत् · लृङ्: अद्योष्यत्
प्रमुख कृदन्त: ल्युट्: द्यवन · ण्वुल्: द्यावकः · तृच्: द्योता · यत्: द्यव्यः · ण्यत्: द्याव्यः · तव्य: द्योतव्यः · अनीयर्: द्यवनीयः · क्त: द्युतः · क्तवतु: द्युतवान् · शतृ: द्युवन् · स्य-शतृ: द्योष्यन् · क्त्वा: द्युत्वा · ल्यप्: प्रद्युत्य · तुमुन्: द्योतुम् · णमुल्: द्यावम् · क्तिन्: द्युति · क्वसु: दुद्युवान्
| पदम् | विवरणम् |
|---|---|
| द्यौति | द्यु धातु (अदादिगण, परस्मैपद) — लट् लकार, प्रथम पुरुष, एकवचन |
द्यौति ➤ शत्रु पर आक्रमण करना, आगे जाना, समीप जाना
संस्कृत: अभिगमने
इस शब्द के प्रातिपदिक अमरकोश की पर्याय-सूची में नहीं मिले (क्रिया, अव्यय, सर्वनाम व नाम प्रायः अमरकोश में नहीं होते)।
इस श्लोक में शब्दों के भीतर कोई सन्धि नहीं पहचानी गई।
कोई समस्त पद नहीं पहचाना गया (या पूरा सामासिक शब्द कोश में सीधे मिल गया)।
कोई कृदन्त पद नहीं पहचाना गया।
कोई तद्धितान्त पद नहीं पहचाना गया।
विश्लेषण-समय: ०.२ सेकण्ड