॥ श्लोकानां विश्लेषिका ॥ — पदच्छेद, पदपरिचय, पदार्थ, अन्वय, भावार्थ व व्याकरण
"+" = एक ही लिखित शब्द के भीतर सन्धि-विच्छेद · डैश (-) वाले = समास का पूर्वपद
अर्थ: द्वेष करना, मारने के लिए प्रयत्न करना
संस्कृत: जिघांसायाम्
अंग्रेज़ी: to hate, to try to hurt
सम्भावित विश्लेषण (सबसे सम्भावित पहले):
लट् लकार, परस्मैपद (कर्तरि):
| पुरुष | एकवचन | द्विवचन | बहुवचन |
|---|---|---|---|
| प्रथम | द्रुह्यति | द्रुह्यतः | द्रुह्यन्ति |
| मध्यम | द्रुह्यसि | द्रुह्यथः | द्रुह्यथ |
| उत्तम | द्रुह्यामि | द्रुह्यावः | द्रुह्यामः |
दसों लकार (प्रथम पुरुष, एकवचन): लट्: द्रुह्यति · लिट्: दुद्रोह · लुट्: द्रोग्धा · लृट्: द्रोहिष्यति · लोट्: द्रुह्यतात् · लङ्: अद्रुह्यत् · विधिलिङ्: द्रुह्येत् · आशीर्लिङ्: द्रुह्यात् · लुङ्: अद्रुहत् · लृङ्: अद्रोहिष्यत्
प्रमुख कृदन्त: ल्युट्: द्रोहण · ण्वुल्: द्रोहकः · तृच्: द्रोहिता · ण्यत्: द्रोह्यः · तव्य: द्रोहितव्यः · अनीयर्: द्रोहणीयः · क्त: द्रुग्धः · क्तवतु: द्रुग्धवान् · शतृ: द्रुह्यन् · स्य-शतृ: द्रोहिष्यन् · क्त्वा: द्रुहित्वा · ल्यप्: प्रद्रुह्य · तुमुन्: द्रोहितुम् · णमुल्: द्रोहम् · घञ्: द्रोहः · क्तिन्: द्रुग्धि · क्वसु: दुद्रुह्वान्
| पदम् | विवरणम् |
|---|---|
| द्रुह्यति | द्रुह् धातु (दिवादिगण, परस्मैपद) — लट् लकार, प्रथम पुरुष, एकवचन अन्य सम्भावना: द्रुह्यता (स्त्री.) — सप्तमी विभक्ति, एकवचन · तद्धित: द्रुह्य + तल् (भाववाचक) | द्रुह्यत् (पुं.) — सप्तमी विभक्ति, एकवचन · कृदन्त: द्रुह् + शतृ |
द्रुह्यति ➤ द्वेष करना, मारने के लिए प्रयत्न करना
संस्कृत: जिघांसायाम्
इस शब्द के प्रातिपदिक अमरकोश की पर्याय-सूची में नहीं मिले (क्रिया, अव्यय, सर्वनाम व नाम प्रायः अमरकोश में नहीं होते)।
इस श्लोक में शब्दों के भीतर कोई सन्धि नहीं पहचानी गई।
कोई समस्त पद नहीं पहचाना गया (या पूरा सामासिक शब्द कोश में सीधे मिल गया)।
कोई कृदन्त पद नहीं पहचाना गया।
कोई तद्धितान्त पद नहीं पहचाना गया।
विश्लेषण-समय: ०.४ सेकण्ड