॥ श्लोकानां विश्लेषिका ॥ — पदच्छेद, पदपरिचय, पदार्थ, अन्वय, भावार्थ व व्याकरण
"+" = एक ही लिखित शब्द के भीतर सन्धि-विच्छेद · डैश (-) वाले = समास का पूर्वपद
अर्थ: विकसना, फल लग जाना
संस्कृत: विशरणे
अंग्रेज़ी: to blossom, to bear fruits
सम्भावित विश्लेषण (सबसे सम्भावित पहले):
लट् लकार, परस्मैपद (कर्तरि):
| पुरुष | एकवचन | द्विवचन | बहुवचन |
|---|---|---|---|
| प्रथम | फलति | फलतः | फलन्ति |
| मध्यम | फलसि | फलथः | फलथ |
| उत्तम | फलामि | फलावः | फलामः |
दसों लकार (प्रथम पुरुष, एकवचन): लट्: फलति · लिट्: पफाल · लुट्: फलिता · लृट्: फलिष्यति · लोट्: फलतात् · लङ्: अफलत् · विधिलिङ्: फलेत् · आशीर्लिङ्: फल्यात् · लुङ्: अफालीत् · लृङ्: अफलिष्यत्
प्रमुख कृदन्त: ल्युट्: फलन · ण्वुल्: फालकः · तृच्: फलिता · ण्यत्: फाल्यः · तव्य: फलितव्यः · अनीयर्: फलनीयः · क्त: फुल्लः · क्तवतु: फुल्लवान् · शतृ: फलन् · स्य-शतृ: फलिष्यन् · क्त्वा: फलित्वा · ल्यप्: प्रफल्य · तुमुन्: फलितुम् · णमुल्: फालम् · घञ्: फालः · क्तिन्: फल्ति · क्वसु: फेलिवान्
| पदम् | विवरणम् |
|---|---|
| फलति | फल् धातु (भ्वादिगण, परस्मैपद) — लट् लकार, प्रथम पुरुष, एकवचन अन्य सम्भावना: फलत् (नपुं.) — सप्तमी विभक्ति, एकवचन · कृदन्त: फल् + शतृ | फलत् (पुं.) — सप्तमी विभक्ति, एकवचन · कृदन्त: फल् + शतृ |
फलति ➤ विकसना, फल लग जाना
संस्कृत: विशरणे
इस शब्द के प्रातिपदिक अमरकोश की पर्याय-सूची में नहीं मिले (क्रिया, अव्यय, सर्वनाम व नाम प्रायः अमरकोश में नहीं होते)।
इस श्लोक में शब्दों के भीतर कोई सन्धि नहीं पहचानी गई।
कोई समस्त पद नहीं पहचाना गया (या पूरा सामासिक शब्द कोश में सीधे मिल गया)।
कोई कृदन्त पद नहीं पहचाना गया।
कोई तद्धितान्त पद नहीं पहचाना गया।
विश्लेषण-समय: ०.१ सेकण्ड