॥ श्लोकानां विश्लेषिका ॥ — पदच्छेद, पदपरिचय, पदार्थ, अन्वय, भावार्थ व व्याकरण
"+" = एक ही लिखित शब्द के भीतर सन्धि-विच्छेद · डैश (-) वाले = समास का पूर्वपद
अर्थ: रूपान्तर करना, आकार बदलना
संस्कृत: परिणामे
अंग्रेज़ी: to transform, to shape
सम्भावित विश्लेषण (सबसे सम्भावित पहले):
लट् लकार, परस्मैपद (कर्तरि):
| पुरुष | एकवचन | द्विवचन | बहुवचन |
|---|---|---|---|
| प्रथम | मस्यति | मस्यतः | मस्यन्ति |
| मध्यम | मस्यसि | मस्यथः | मस्यथ |
| उत्तम | मस्यामि | मस्यावः | मस्यामः |
दसों लकार (प्रथम पुरुष, एकवचन): लट्: मस्यति · लिट्: ममास · लुट्: मसिता · लृट्: मसिष्यति · लोट्: मस्यतात् · लङ्: अमस्यत् · विधिलिङ्: मस्येत् · आशीर्लिङ्: मस्यात् · लुङ्: अमसत् · लृङ्: अमसिष्यत्
प्रमुख कृदन्त: ल्युट्: मसन · ण्वुल्: मासकः · तृच्: मसिता · ण्यत्: मास्यः · तव्य: मसितव्यः · अनीयर्: मसनीयः · क्त: मस्तः · क्तवतु: मस्तवान् · शतृ: मस्यन् · स्य-शतृ: मसिष्यन् · क्त्वा: मसित्वा · ल्यप्: प्रमस्य · तुमुन्: मसितुम् · णमुल्: मासम् · घञ्: मासः · क्तिन्: मस्ति · क्वसु: मेसिवान्
| पदम् | विवरणम् |
|---|---|
| मस्यति | मस् धातु (दिवादिगण, परस्मैपद) — लट् लकार, प्रथम पुरुष, एकवचन अन्य सम्भावना: मस्यत् (पुं.) — सप्तमी विभक्ति, एकवचन · कृदन्त: मस् + शतृ | मस्यत् (नपुं.) — सप्तमी विभक्ति, एकवचन · कृदन्त: मस् + शतृ |
मस्यति ➤ रूपान्तर करना, आकार बदलना
संस्कृत: परिणामे
इस शब्द के प्रातिपदिक अमरकोश की पर्याय-सूची में नहीं मिले (क्रिया, अव्यय, सर्वनाम व नाम प्रायः अमरकोश में नहीं होते)।
इस श्लोक में शब्दों के भीतर कोई सन्धि नहीं पहचानी गई।
कोई समस्त पद नहीं पहचाना गया (या पूरा सामासिक शब्द कोश में सीधे मिल गया)।
कोई कृदन्त पद नहीं पहचाना गया।
कोई तद्धितान्त पद नहीं पहचाना गया।
विश्लेषण-समय: ०.१ सेकण्ड