॥ श्लोकानां विश्लेषिका ॥ — पदच्छेद, पदपरिचय, पदार्थ, अन्वय, भावार्थ व व्याकरण
"+" = एक ही लिखित शब्द के भीतर सन्धि-विच्छेद · डैश (-) वाले = समास का पूर्वपद
अर्थ: सम्मान करना, पूजा करना
संस्कृत: पूजायाम्
अंग्रेज़ी: to worship, to pray, to honor, to respect
सम्भावित विश्लेषण (सबसे सम्भावित पहले):
लट् लकार, परस्मैपद (कर्तरि):
| पुरुष | एकवचन | द्विवचन | बहुवचन |
|---|---|---|---|
| प्रथम | महयति | महयतः | महयन्ति |
| मध्यम | महयसि | महयथः | महयथ |
| उत्तम | महयामि | महयावः | महयामः |
दसों लकार (प्रथम पुरुष, एकवचन): लट्: महयति · लट् (आत्मने.): महयते · लिट्: महयाञ्चकार · लिट् (आत्मने.): महयाञ्चक्रे · लुट्: महयिता · लुट् (आत्मने.): महयिता · लृट्: महयिष्यति · लृट् (आत्मने.): महयिष्यते · लोट्: महयतात् · लोट् (आत्मने.): महयताम् · लङ्: अमहयत् · लङ् (आत्मने.): अमहयत · विधिलिङ्: महयेत् · विधिलिङ् (आत्मने.): महयेत · आशीर्लिङ्: मह्यात् · आशीर्लिङ् (आत्मने.): महयिषीष्ट · लुङ्: अममहत् · लुङ् (आत्मने.): अममहत · लृङ्: अमहयिष्यत् · लृङ् (आत्मने.): अमहयिष्यत
प्रमुख कृदन्त: ल्युट्: महन · ण्वुल्: महकः · तृच्: महयिता · यत्: मह्यः · तव्य: महयितव्यः · अनीयर्: महनीयः · क्त: महितः · क्तवतु: महितवान् · शतृ: महयन् · स्य-शतृ: महयिष्यन् · शानच्: महयमानः · क्त्वा: महयित्वा · ल्यप्: प्रमहय्य · तुमुन्: महयितुम् · णमुल्: महम् · क्तिन्: माढि · क्वसु: महयाम्बभूवान्
| पदम् | विवरणम् |
|---|---|
| महयति | मह धातु (चुरादिगण, परस्मैपद) — लट् लकार, प्रथम पुरुष, एकवचन अन्य सम्भावना: मह धातु (चुरादिगण, परस्मैपद) — लट् लकार, प्रथम पुरुष, एकवचन · णिजन्त (प्रेरणार्थक) | महयत् (नपुं.) — सप्तमी विभक्ति, एकवचन · कृदन्त: मह + शतृ |
महयति ➤ सम्मान करना, पूजा करना
संस्कृत: पूजायाम्
इस शब्द के प्रातिपदिक अमरकोश की पर्याय-सूची में नहीं मिले (क्रिया, अव्यय, सर्वनाम व नाम प्रायः अमरकोश में नहीं होते)।
इस श्लोक में शब्दों के भीतर कोई सन्धि नहीं पहचानी गई।
कोई समस्त पद नहीं पहचाना गया (या पूरा सामासिक शब्द कोश में सीधे मिल गया)।
कोई कृदन्त पद नहीं पहचाना गया।
कोई तद्धितान्त पद नहीं पहचाना गया।
विश्लेषण-समय: ०.२ सेकण्ड