॥ श्लोकानां विश्लेषिका ॥ — पदच्छेद, पदपरिचय, पदार्थ, अन्वय, भावार्थ व व्याकरण
"+" = एक ही लिखित शब्द के भीतर सन्धि-विच्छेद · डैश (-) वाले = समास का पूर्वपद
अर्थ: संस्कार करना, पूर्ण करना, तैयार करना, सिद्ध करना, जाना, घूमना
संस्कृत: संस्कारगत्योः
अंग्रेज़ी: to do cultural rites, to cultivate, to complete, to prepare, to turn, to go
सम्भावित विश्लेषण (सबसे सम्भावित पहले):
लट् लकार, परस्मैपद (कर्तरि):
| पुरुष | एकवचन | द्विवचन | बहुवचन |
|---|---|---|---|
| प्रथम | मार्गयति | मार्गयतः | मार्गयन्ति |
| मध्यम | मार्गयसि | मार्गयथः | मार्गयथ |
| उत्तम | मार्गयामि | मार्गयावः | मार्गयामः |
दसों लकार (प्रथम पुरुष, एकवचन): लट्: मार्गयति · लट् (आत्मने.): मार्गयते · लिट्: मार्गयाञ्चकार · लिट् (आत्मने.): मार्गयाञ्चक्रे · लुट्: मार्गयिता · लुट् (आत्मने.): मार्गयिता · लृट्: मार्गयिष्यति · लृट् (आत्मने.): मार्गयिष्यते · लोट्: मार्गयतात् · लोट् (आत्मने.): मार्गयताम् · लङ्: अमार्गयत् · लङ् (आत्मने.): अमार्गयत · विधिलिङ्: मार्गयेत् · विधिलिङ् (आत्मने.): मार्गयेत · आशीर्लिङ्: मार्ग्यात् · आशीर्लिङ् (आत्मने.): मार्गयिषीष्ट · लुङ्: अममार्गत् · लुङ् (आत्मने.): अममार्गत · लृङ्: अमार्गयिष्यत् · लृङ् (आत्मने.): अमार्गयिष्यत
प्रमुख कृदन्त: ल्युट्: मार्गण · ण्वुल्: मार्गकः · तृच्: मार्गयिता · यत्: मार्ग्यः · तव्य: मार्गयितव्यः · अनीयर्: मार्गणीयः · क्त: मार्गितः · क्तवतु: मार्गितवान् · शतृ: मार्गयन् · स्य-शतृ: मार्गयिष्यन् · शानच्: मार्गयमाणः · क्त्वा: मार्गयित्वा · ल्यप्: प्रमार्ग्य · तुमुन्: मार्गयितुम् · णमुल्: मार्गम् · क्तिन्: मार्क्ति · क्वसु: मार्गयाम्बभूवान्
| पदम् | विवरणम् |
|---|---|
| मार्गयति | मार्ग धातु (चुरादिगण, परस्मैपद) — लट् लकार, प्रथम पुरुष, एकवचन अन्य सम्भावना: मार्ग् धातु (चुरादिगण, परस्मैपद) — लट् लकार, प्रथम पुरुष, एकवचन | मार्ग धातु (चुरादिगण, परस्मैपद) — लट् लकार, प्रथम पुरुष, एकवचन · णिजन्त (प्रेरणार्थक) |
मार्गयति ➤ संस्कार करना, पूर्ण करना, तैयार करना, सिद्ध करना, जाना, घूमना
संस्कृत: संस्कारगत्योः
इस शब्द के प्रातिपदिक अमरकोश की पर्याय-सूची में नहीं मिले (क्रिया, अव्यय, सर्वनाम व नाम प्रायः अमरकोश में नहीं होते)।
इस श्लोक में शब्दों के भीतर कोई सन्धि नहीं पहचानी गई।
कोई समस्त पद नहीं पहचाना गया (या पूरा सामासिक शब्द कोश में सीधे मिल गया)।
कोई कृदन्त पद नहीं पहचाना गया।
कोई तद्धितान्त पद नहीं पहचाना गया।
विश्लेषण-समय: ०.३ सेकण्ड