॥ श्लोकानां विश्लेषिका ॥ — पदच्छेद, पदपरिचय, पदार्थ, अन्वय, भावार्थ व व्याकरण
"+" = एक ही लिखित शब्द के भीतर सन्धि-विच्छेद · डैश (-) वाले = समास का पूर्वपद
अर्थ: तीक्ष्ण करना, तेज करना
संस्कृत: तेजने
अंग्रेज़ी: to whet, to sharpen
सम्भावित विश्लेषण (सबसे सम्भावित पहले):
लट् लकार, परस्मैपद (कर्तरि):
| पुरुष | एकवचन | द्विवचन | बहुवचन |
|---|---|---|---|
| प्रथम | क्ष्णौति | क्ष्णुतः | क्ष्णुवन्ति |
| मध्यम | क्ष्णौषि | क्ष्णुथः | क्ष्णुथ |
| उत्तम | क्ष्णौमि | क्ष्णुवः | क्ष्णुमः |
दसों लकार (प्रथम पुरुष, एकवचन): लट्: क्ष्णौति · लिट्: चुक्ष्णाव · लुट्: क्ष्णविता · लृट्: क्ष्णविष्यति · लोट्: क्ष्णुतात् · लङ्: अक्ष्णौत् · विधिलिङ्: क्ष्णुयात् · आशीर्लिङ्: क्ष्णूयात् · लुङ्: अक्ष्णावीत् · लृङ्: अक्ष्णविष्यत्
प्रमुख कृदन्त: ल्युट्: क्ष्णवन · ण्वुल्: क्ष्णावकः · तृच्: क्ष्णविता · यत्: क्ष्णव्यः · ण्यत्: क्ष्णाव्यः · तव्य: क्ष्णवितव्यः · अनीयर्: क्ष्णवनीयः · क्त: क्ष्णुतः · क्तवतु: क्ष्णुतवान् · शतृ: क्ष्णुवन् · स्य-शतृ: क्ष्णविष्यन् · क्त्वा: क्ष्णुत्वा · ल्यप्: प्रक्ष्णुत्य · तुमुन्: क्ष्णवितुम् · णमुल्: क्ष्णावम् · क्तिन्: क्ष्णुति · क्वसु: चुक्ष्णुवान्
| पदम् | विवरणम् |
|---|---|
| क्ष्णौति | क्ष्णु धातु (अदादिगण, परस्मैपद) — लट् लकार, प्रथम पुरुष, एकवचन |
क्ष्णौति ➤ तीक्ष्ण करना, तेज करना
संस्कृत: तेजने
इस शब्द के प्रातिपदिक अमरकोश की पर्याय-सूची में नहीं मिले (क्रिया, अव्यय, सर्वनाम व नाम प्रायः अमरकोश में नहीं होते)।
इस श्लोक में शब्दों के भीतर कोई सन्धि नहीं पहचानी गई।
कोई समस्त पद नहीं पहचाना गया (या पूरा सामासिक शब्द कोश में सीधे मिल गया)।
कोई कृदन्त पद नहीं पहचाना गया।
कोई तद्धितान्त पद नहीं पहचाना गया।
विश्लेषण-समय: ०.१ सेकण्ड