॥ श्लोकानां विश्लेषिका ॥ — पदच्छेद, पदपरिचय, पदार्थ, अन्वय, भावार्थ व व्याकरण
"+" = एक ही लिखित शब्द के भीतर सन्धि-विच्छेद · डैश (-) वाले = समास का पूर्वपद
अर्थ: लड़ाई करना
संस्कृत: सङ्घर्षे
अंग्रेज़ी: to grind,to strike,to rub,to brush,to polish
सम्भावित विश्लेषण (सबसे सम्भावित पहले):
लट् लकार, परस्मैपद (कर्तरि):
| पुरुष | एकवचन | द्विवचन | बहुवचन |
|---|---|---|---|
| प्रथम | भर्षति | भर्षतः | भर्षन्ति |
| मध्यम | भर्षसि | भर्षथः | भर्षथ |
| उत्तम | भर्षामि | भर्षावः | भर्षामः |
दसों लकार (प्रथम पुरुष, एकवचन): लट्: भर्षति · लिट्: बभर्ष · लुट्: भर्षिता · लृट्: भर्षिष्यति · लोट्: भर्षतात् · लङ्: अभर्षत् · विधिलिङ्: भर्षेत् · आशीर्लिङ्: भृष्यात् · लुङ्: अभर्षीत् · लृङ्: अभर्षिष्यत्
प्रमुख कृदन्त: ल्युट्: भर्षण · ण्वुल्: भर्षकः · तृच्: भर्षिता · तव्य: भर्षितव्यः · अनीयर्: भर्षणीयः · क्त: भृष्टः · क्तवतु: भृष्टवान् · शतृ: भर्षन् · स्य-शतृ: भर्षिष्यन् · क्त्वा: भृष्ट्वा · ल्यप्: प्रभृष्य · तुमुन्: भर्षितुम् · णमुल्: भर्षम् · घञ्: भर्षः · क्तिन्: भृष्टि · क्वसु: बभृष्वान्
| पदम् | विवरणम् |
|---|---|
| भर्षति | भृष् धातु (भ्वादिगण, परस्मैपद) — लट् लकार, प्रथम पुरुष, एकवचन अन्य सम्भावना: भर्षत् (नपुं.) — सप्तमी विभक्ति, एकवचन · कृदन्त: भृष् + शतृ | भर्षत् (पुं.) — सप्तमी विभक्ति, एकवचन · कृदन्त: भृष् + शतृ |
भर्षति ➤ लड़ाई करना
संस्कृत: सङ्घर्षे
इस शब्द के प्रातिपदिक अमरकोश की पर्याय-सूची में नहीं मिले (क्रिया, अव्यय, सर्वनाम व नाम प्रायः अमरकोश में नहीं होते)।
इस श्लोक में शब्दों के भीतर कोई सन्धि नहीं पहचानी गई।
कोई समस्त पद नहीं पहचाना गया (या पूरा सामासिक शब्द कोश में सीधे मिल गया)।
कोई कृदन्त पद नहीं पहचाना गया।
कोई तद्धितान्त पद नहीं पहचाना गया।
विश्लेषण-समय: ०.१ सेकण्ड