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🕉️ श्लोकार्थ-बोधिनी

॥ श्लोकानां विश्लेषिका ॥ — पदच्छेद, पदपरिचय, पदार्थ, अन्वय, भावार्थ व व्याकरण

मार्जयतु

लम्बा गद्य (४००० अक्षर तक) भी लिख सकते हैं — वाक्य-वार विश्लेषण होगा। एक शब्द लिखने पर उसका अर्थ, सभी सम्भावित रूप, और पूरी शब्दरूप/धातुरूप तालिका दिखेगी।

🔎 पहचाना गया: एक शब्द

🔔 मूलशब्दः

सान्त्वयति

🌸 पदच्छेदः स्वचालित

सान्त्वयति

"+" = एक ही लिखित शब्द के भीतर सन्धि-विच्छेद · डैश (-) वाले = समास का पूर्वपद

📖 शब्दकोशः — शब्द का पूर्ण परिचय कोश-आधारित

सान्त्वयति

अर्थ: सांत्वना देना, समाधान करना, विवेक की बातें करना

संस्कृत: सामप्रयोगे

अंग्रेज़ी: to pacify, to appease, to console

सम्भावित विश्लेषण (सबसे सम्भावित पहले):

  1. सान्त्व् धातु (चुरादिगण, परस्मैपद) — लट् लकार, प्रथम पुरुष, एकवचन
  2. सान्त्व् धातु (चुरादिगण, परस्मैपद) — लट् लकार, प्रथम पुरुष, एकवचन · णिजन्त (प्रेरणार्थक)
  3. सान्त्वयत् (नपुं.) — सप्तमी विभक्ति, एकवचन · कृदन्त: सान्त्व् + शतृ
  4. सान्त्वयत् (पुं.) — सप्तमी विभक्ति, एकवचन · कृदन्त: सान्त्व् + शतृ

  📘 धातु-रूपावली में सभी लकार

धातुरूप — सान्त्व् (चुरादिगण) · अर्थ: सांत्वना देना, समाधान करना, विवेक की बातें करना (सामप्रयोगे)

लट् लकार, परस्मैपद (कर्तरि):

पुरुषएकवचनद्विवचनबहुवचन
प्रथमसान्त्वयतिसान्त्वयतःसान्त्वयन्ति
मध्यमसान्त्वयसिसान्त्वयथःसान्त्वयथ
उत्तमसान्त्वयामिसान्त्वयावःसान्त्वयामः

दसों लकार (प्रथम पुरुष, एकवचन): लट्: सान्त्वयति · लट् (आत्मने.): सान्त्वयते · लिट्: सान्त्वयाञ्चकार · लिट् (आत्मने.): सान्त्वयाञ्चक्रे · लुट्: सान्त्वयिता · लुट् (आत्मने.): सान्त्वयिता · लृट्: सान्त्वयिष्यति · लृट् (आत्मने.): सान्त्वयिष्यते · लोट्: सान्त्वयतात् · लोट् (आत्मने.): सान्त्वयताम् · लङ्: असान्त्वयत् · लङ् (आत्मने.): असान्त्वयत · विधिलिङ्: सान्त्वयेत् · विधिलिङ् (आत्मने.): सान्त्वयेत · आशीर्लिङ्: सान्त्व्यात् · आशीर्लिङ् (आत्मने.): सान्त्वयिषीष्ट · लुङ्: अससान्त्वत् · लुङ् (आत्मने.): अससान्त्वत · लृङ्: असान्त्वयिष्यत् · लृङ् (आत्मने.): असान्त्वयिष्यत

प्रमुख कृदन्त: ल्युट्: सान्त्वन · ण्वुल्: सान्त्वकः · तृच्: सान्त्वयिता · यत्: सान्त्व्यः · तव्य: सान्त्वयितव्यः · अनीयर्: सान्त्वनीयः · क्त: सान्त्वितः · क्तवतु: सान्त्वितवान् · शतृ: सान्त्वयन् · स्य-शतृ: सान्त्वयिष्यन् · शानच्: सान्त्वयमानः · क्त्वा: सान्त्वयित्वा · ल्यप्: प्रसान्त्व्य · तुमुन्: सान्त्वयितुम् · णमुल्: सान्त्वम् · क्तिन्: सान्ति · क्वसु: सान्त्वयाम्बभूवान्

🌹 पदपरिचयः स्वचालित

पदम्विवरणम्
सान्त्वयतिसान्त्व् धातु (चुरादिगण, परस्मैपद) — लट् लकार, प्रथम पुरुष, एकवचन
अन्य सम्भावना: सान्त्व् धातु (चुरादिगण, परस्मैपद) — लट् लकार, प्रथम पुरुष, एकवचन · णिजन्त (प्रेरणार्थक) | सान्त्वयत् (नपुं.) — सप्तमी विभक्ति, एकवचन · कृदन्त: सान्त्व् + शतृ

🌷 पदार्थः कोश-आधारित

सान्त्वयति ➤ सांत्वना देना, समाधान करना, विवेक की बातें करना
संस्कृत: सामप्रयोगे

📚 अमरकोश-सम्बन्धः अमरकोश

इस शब्द के प्रातिपदिक अमरकोश की पर्याय-सूची में नहीं मिले (क्रिया, अव्यय, सर्वनाम व नाम प्रायः अमरकोश में नहीं होते)।

⚙️ व्याकरणम् स्वचालित

❖ सन्धिः

इस श्लोक में शब्दों के भीतर कोई सन्धि नहीं पहचानी गई।

❖ समासः

कोई समस्त पद नहीं पहचाना गया (या पूरा सामासिक शब्द कोश में सीधे मिल गया)।

❖ कृदन्तः

कोई कृदन्त पद नहीं पहचाना गया।

❖ तद्धितान्तः

कोई तद्धितान्त पद नहीं पहचाना गया।

विश्लेषण-समय: ०.५ सेकण्ड

⚑ कोई विश्लेषण गलत लगा? सूचित करें — इससे साधन सुधरता है
यह साधन कैसे काम करता है: सब कुछ इसी वेबसाइट के सर्वर पर होता है — कोई बाहरी API/AI नहीं, आपका श्लोक कहीं भेजा या सहेजा नहीं जाता। पदच्छेद पाणिनीय सन्धि-नियमों के उल्टे प्रयोग से, पदपरिचय लगभग ७.५ लाख शब्द-रूपों व १.२ लाख प्रातिपदिकों के कोश से, अर्थ आप्टे संस्कृत-हिन्दी कोश व अमरकोश से, और अन्वय विभक्ति-क्रम के नियमों से बनता है। स्वचालित होने से कहीं-कहीं विकल्प गलत चुना जा सकता है (हर पद के "अन्य सम्भावना" देखें); श्रीमद्भागवत के श्लोकों पर साइट की जाँची हुई टीका दिखती है।
शब्द-डेटा साभार: ashtadhyayi.com (शब्दरूप, धातुरूप, आप्टे संस्कृत-हिन्दी कोश, अमरकोश) · सूत्र-लिंक: लघुसिद्धान्तकौमुदी।
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