२२००+ धातुओं के दसों लकारों के रूप, कर्मणि-भावे प्रयोग व कृदन्त — धातु, क्रिया-रूप (गच्छति, अकरोत् ) या अर्थ (जाना, read ) से खोजें
टिक् (टिकृँ)
भ्वादिगण · आत्मनेपदी · धातुपाठ 01.0108
धात्वर्थ: गतौ — जाना (to go)
कर्तरि — आत्मनेपद कर्मणि / भावे कृदन्त
लट् लकार वर्तमान काल
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम टेकते टेकेते टेकन्ते मध्यम टेकसे टेकेथे टेकध्वे उत्तम टेके टेकावहे टेकामहे
लोट् लकार आज्ञा / प्रार्थना
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम टेकताम् टेकेताम् टेकन्ताम् मध्यम टेकस्व टेकेथाम् टेकध्वम् उत्तम टेकै टेकावहै टेकामहै
लङ् लकार अनद्यतन भूतकाल
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम अटेकत अटेकेताम् अटेकन्त मध्यम अटेकथाः अटेकेथाम् अटेकध्वम् उत्तम अटेके अटेकावहि अटेकामहि
विधिलिङ् लकार विधि / चाहिए / सम्भावना
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम टेकेत टेकेयाताम् टेकेरन् मध्यम टेकेथाः टेकेयाथाम् टेकेध्वम् उत्तम टेकेय टेकेवहि टेकेमहि
लृट् लकार सामान्य भविष्यत्
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम टेकिष्यते टेकिष्येते टेकिष्यन्ते मध्यम टेकिष्यसे टेकिष्येथे टेकिष्यध्वे उत्तम टेकिष्ये टेकिष्यावहे टेकिष्यामहे
लुट् लकार अनद्यतन भविष्यत्
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम टेकिता टेकितारौ टेकितारः मध्यम टेकितासे टेकितासाथे टेकिताध्वे उत्तम टेकिताहे टेकितास्वहे टेकितास्महे
लिट् लकार परोक्ष भूतकाल
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम टिटिके टिटिकाते टिटिकिरे मध्यम टिटिकिषे टिटिकाथे टिटिकिध्वे उत्तम टिटिके टिटिकिवहे टिटिकिमहे
लुङ् लकार सामान्य भूतकाल
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम अटेकिष्ट अटेकिषाताम् अटेकिषत मध्यम अटेकिष्ठाः अटेकिषाथाम् अटेकिध्वम् उत्तम अटेकिषि अटेकिष्वहि अटेकिष्महि
आशीर्लिङ् लकार आशीर्वाद
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम टेकिषीष्ट टेकिषीयास्ताम् टेकिषीरन् मध्यम टेकिषीष्ठाः टेकिषीयास्थाम् टेकिषीध्वम् उत्तम टेकिषीय टेकिषीवहि टेकिषीमहि
लृङ् लकार क्रियातिपत्ति (हेतुहेतुमद्भूत)
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम अटेकिष्यत अटेकिष्येताम् अटेकिष्यन्त मध्यम अटेकिष्यथाः अटेकिष्येथाम् अटेकिष्यध्वम् उत्तम अटेकिष्ये अटेकिष्यावहि अटेकिष्यामहि
कर्मणि प्रयोग में क्रिया कर्म के अनुसार (सकर्मक धातु), भावे प्रयोग में सदा प्रथम पुरुष एकवचन (अकर्मक धातु) — आत्मनेपद के प्रत्यय।
लट् लकार वर्तमान काल
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम टिक्यते टिक्येते टिक्यन्ते मध्यम टिक्यसे टिक्येथे टिक्यध्वे उत्तम टिक्ये टिक्यावहे टिक्यामहे
लोट् लकार आज्ञा / प्रार्थना
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम टिक्यताम् टिक्येताम् टिक्यन्ताम् मध्यम टिक्यस्व टिक्येथाम् टिक्यध्वम् उत्तम टिक्यै टिक्यावहै टिक्यामहै
लङ् लकार अनद्यतन भूतकाल
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम अटिक्यत अटिक्येताम् अटिक्यन्त मध्यम अटिक्यथाः अटिक्येथाम् अटिक्यध्वम् उत्तम अटिक्ये अटिक्यावहि अटिक्यामहि
विधिलिङ् लकार विधि / चाहिए / सम्भावना
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम टिक्येत टिक्येयाताम् टिक्येरन् मध्यम टिक्येथाः टिक्येयाथाम् टिक्येध्वम् उत्तम टिक्येय टिक्येवहि टिक्येमहि
लृट् लकार सामान्य भविष्यत्
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम टेकिष्यते टेकिष्येते टेकिष्यन्ते मध्यम टेकिष्यसे टेकिष्येथे टेकिष्यध्वे उत्तम टेकिष्ये टेकिष्यावहे टेकिष्यामहे
प्रत्यय प्रयोग / अर्थ प्रातिपदिक / अव्यय पुंलिङ्ग स्त्रीलिङ्ग नपुंसकलिङ्ग
ल्युट् भाववाचक/करणवाचक कृदन्त टेकन — — टेकनम्
ण्वुल् कर्तृवाचक कृदन्त टेकक टेककः टेकिका टेककम्
तृच् कर्तृवाचक कृदन्त टेकितृ टेकिता टेकित्री टेकितृ
ण्यत् विध्यर्थक कृदन्त टेक्य टेक्यः टेक्या टेक्यम्
तव्य विध्यर्थक कृदन्त (करना चाहिए) टेकितव्य टेकितव्यः टेकितव्या टेकितव्यम्
अनीयर् विध्यर्थक कृदन्त टेकनीय टेकनीयः टेकनीया टेकनीयम्
क्त भूतकालिक कर्मणि कृदन्त (निष्ठा) टिकित टिकितः टिकिता टिकितम्
क्तवतु भूतकालिक कर्तरि कृदन्त (निष्ठा) टिकितवत् टिकितवान् टिकितवती टिकितवत् / टिकितवद्
शानच् वर्तमानकालिक कृदन्त (आत्मनेपद) टेकमान टेकमानः टेकमाना टेकमानम्
क्त्वा पूर्वकालिक अव्यय (करके) टिकित्वा — — —
ल्यप् पूर्वकालिक अव्यय, उपसर्ग-सहित (करके) प्रटिक्य — — —
तुमुन् निमित्तार्थक अव्यय (करने के लिए) टेकितुम् — — —
णमुल् पूर्वकालिक/आभीक्ष्ण्य अव्यय टेकम् — — —
घञ् भाववाचक कृदन्त टेक टेकः — —
क्तिन् भाववाचक स्त्रीलिङ्ग कृदन्त टिक्ति — टिक्तिः —
क्वसु भूतकालिक (लिट्) कृदन्त टिटिक्वस् टिटिक्वान् टिटिकुषी टिटिक्वत् / टिटिक्वद्
इन कृदन्त-प्रातिपदिकों के सम्पूर्ण विभक्ति-रूप शब्द-रूपावली में देखें (जैसे क्त — भूत → पुंलिङ्ग "राम" के समान)।