२२००+ धातुओं के दसों लकारों के रूप, कर्मणि-भावे प्रयोग व कृदन्त — धातु, क्रिया-रूप (गच्छति, अकरोत् ) या अर्थ (जाना, read ) से खोजें
कख् (कखँ)
भ्वादिगण · परस्मैपदी · धातुपाठ 01.0128
धात्वर्थ: हसने — हसना (to laugh)
कर्तरि — परस्मैपद कर्मणि / भावे कृदन्त
लट् लकार वर्तमान काल
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम कखति कखतः कखन्ति मध्यम कखसि कखथः कखथ उत्तम कखामि कखावः कखामः
लोट् लकार आज्ञा / प्रार्थना
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम कखतात् / कखताद् / कखतु कखताम् कखन्तु मध्यम कख / कखतात् / कखताद् कखतम् कखत उत्तम कखानि कखाव कखाम
लङ् लकार अनद्यतन भूतकाल
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम अकखत् / अकखद् अकखताम् अकखन् मध्यम अकखः अकखतम् अकखत उत्तम अकखम् अकखाव अकखाम
विधिलिङ् लकार विधि / चाहिए / सम्भावना
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम कखेत् / कखेद् कखेताम् कखेयुः मध्यम कखेः कखेतम् कखेत उत्तम कखेयम् कखेव कखेम
लृट् लकार सामान्य भविष्यत्
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम कखिष्यति कखिष्यतः कखिष्यन्ति मध्यम कखिष्यसि कखिष्यथः कखिष्यथ उत्तम कखिष्यामि कखिष्यावः कखिष्यामः
लुट् लकार अनद्यतन भविष्यत्
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम कखिता कखितारौ कखितारः मध्यम कखितासि कखितास्थः कखितास्थ उत्तम कखितास्मि कखितास्वः कखितास्मः
लिट् लकार परोक्ष भूतकाल
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम चकाख चकखतुः चकखुः मध्यम चकखिथ चकखथुः चकख उत्तम चकख / चकाख चकखिव चकखिम
लुङ् लकार सामान्य भूतकाल
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम अकखीत् / अकखीद् / अकाखीत् / अकाखीद् अकखिष्टाम् / अकाखिष्टाम् अकखिषुः / अकाखिषुः मध्यम अकखीः / अकाखीः अकखिष्टम् / अकाखिष्टम् अकखिष्ट / अकाखिष्ट उत्तम अकखिषम् / अकाखिषम् अकखिष्व / अकाखिष्व अकखिष्म / अकाखिष्म
आशीर्लिङ् लकार आशीर्वाद
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम कख्यात् / कख्याद् कख्यास्ताम् कख्यासुः मध्यम कख्याः कख्यास्तम् कख्यास्त उत्तम कख्यासम् कख्यास्व कख्यास्म
लृङ् लकार क्रियातिपत्ति (हेतुहेतुमद्भूत)
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम अकखिष्यत् / अकखिष्यद् अकखिष्यताम् अकखिष्यन् मध्यम अकखिष्यः अकखिष्यतम् अकखिष्यत उत्तम अकखिष्यम् अकखिष्याव अकखिष्याम
कर्मणि प्रयोग में क्रिया कर्म के अनुसार (सकर्मक धातु), भावे प्रयोग में सदा प्रथम पुरुष एकवचन (अकर्मक धातु) — आत्मनेपद के प्रत्यय।
लट् लकार वर्तमान काल
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम कख्यते कख्येते कख्यन्ते मध्यम कख्यसे कख्येथे कख्यध्वे उत्तम कख्ये कख्यावहे कख्यामहे
लोट् लकार आज्ञा / प्रार्थना
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम कख्यताम् कख्येताम् कख्यन्ताम् मध्यम कख्यस्व कख्येथाम् कख्यध्वम् उत्तम कख्यै कख्यावहै कख्यामहै
लङ् लकार अनद्यतन भूतकाल
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम अकख्यत अकख्येताम् अकख्यन्त मध्यम अकख्यथाः अकख्येथाम् अकख्यध्वम् उत्तम अकख्ये अकख्यावहि अकख्यामहि
विधिलिङ् लकार विधि / चाहिए / सम्भावना
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम कख्येत कख्येयाताम् कख्येरन् मध्यम कख्येथाः कख्येयाथाम् कख्येध्वम् उत्तम कख्येय कख्येवहि कख्येमहि
लृट् लकार सामान्य भविष्यत्
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम कखिष्यते कखिष्येते कखिष्यन्ते मध्यम कखिष्यसे कखिष्येथे कखिष्यध्वे उत्तम कखिष्ये कखिष्यावहे कखिष्यामहे
प्रत्यय प्रयोग / अर्थ प्रातिपदिक / अव्यय पुंलिङ्ग स्त्रीलिङ्ग नपुंसकलिङ्ग
ल्युट् भाववाचक/करणवाचक कृदन्त कखन — — कखनम्
ण्वुल् कर्तृवाचक कृदन्त काखक काखकः काखिका काखकम्
तृच् कर्तृवाचक कृदन्त कखितृ कखिता कखित्री कखितृ
ण्यत् विध्यर्थक कृदन्त काख्य काख्यः काख्या काख्यम्
तव्य विध्यर्थक कृदन्त (करना चाहिए) कखितव्य कखितव्यः कखितव्या कखितव्यम्
अनीयर् विध्यर्थक कृदन्त कखनीय कखनीयः कखनीया कखनीयम्
क्त भूतकालिक कर्मणि कृदन्त (निष्ठा) कखित कखितः कखिता कखितम्
क्तवतु भूतकालिक कर्तरि कृदन्त (निष्ठा) कखितवत् कखितवान् कखितवती कखितवत् / कखितवद्
शतृ वर्तमानकालिक कृदन्त (परस्मैपद) कखत् कखन् कखन्ती कखत् / कखद्
स्य-शतृ भविष्यत्कालिक कृदन्त कखिष्यत् कखिष्यन् कखिष्यती / कखिष्यन्ती कखिष्यत् / कखिष्यद्
क्त्वा पूर्वकालिक अव्यय (करके) कखित्वा — — —
ल्यप् पूर्वकालिक अव्यय, उपसर्ग-सहित (करके) प्रकख्य — — —
तुमुन् निमित्तार्थक अव्यय (करने के लिए) कखितुम् — — —
णमुल् पूर्वकालिक/आभीक्ष्ण्य अव्यय काखम् — — —
घञ् भाववाचक कृदन्त काख काखः — —
क्तिन् भाववाचक स्त्रीलिङ्ग कृदन्त कक्ति — कक्तिः —
क्वसु भूतकालिक (लिट्) कृदन्त चकख्वस् चकख्वान् चकखुषी चकख्वत् / चकख्वद्
इन कृदन्त-प्रातिपदिकों के सम्पूर्ण विभक्ति-रूप शब्द-रूपावली में देखें (जैसे क्त — भूत → पुंलिङ्ग "राम" के समान)।