२२००+ धातुओं के दसों लकारों के रूप, कर्मणि-भावे प्रयोग व कृदन्त — धातु, क्रिया-रूप (गच्छति, अकरोत् ) या अर्थ (जाना, read ) से खोजें
वण्ठ् (वठिँ)
भ्वादिगण · आत्मनेपदी · धातुपाठ 01.0295
धात्वर्थ: एकचर्यायाम् — अकेला जाना (to go alone)
कर्तरि — आत्मनेपद कर्मणि / भावे कृदन्त
लट् लकार वर्तमान काल
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम वण्ठते वण्ठेते वण्ठन्ते मध्यम वण्ठसे वण्ठेथे वण्ठध्वे उत्तम वण्ठे वण्ठावहे वण्ठामहे
लोट् लकार आज्ञा / प्रार्थना
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम वण्ठताम् वण्ठेताम् वण्ठन्ताम् मध्यम वण्ठस्व वण्ठेथाम् वण्ठध्वम् उत्तम वण्ठै वण्ठावहै वण्ठामहै
लङ् लकार अनद्यतन भूतकाल
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम अवण्ठत अवण्ठेताम् अवण्ठन्त मध्यम अवण्ठथाः अवण्ठेथाम् अवण्ठध्वम् उत्तम अवण्ठे अवण्ठावहि अवण्ठामहि
विधिलिङ् लकार विधि / चाहिए / सम्भावना
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम वण्ठेत वण्ठेयाताम् वण्ठेरन् मध्यम वण्ठेथाः वण्ठेयाथाम् वण्ठेध्वम् उत्तम वण्ठेय वण्ठेवहि वण्ठेमहि
लृट् लकार सामान्य भविष्यत्
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम वण्ठिष्यते वण्ठिष्येते वण्ठिष्यन्ते मध्यम वण्ठिष्यसे वण्ठिष्येथे वण्ठिष्यध्वे उत्तम वण्ठिष्ये वण्ठिष्यावहे वण्ठिष्यामहे
लुट् लकार अनद्यतन भविष्यत्
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम वण्ठिता वण्ठितारौ वण्ठितारः मध्यम वण्ठितासे वण्ठितासाथे वण्ठिताध्वे उत्तम वण्ठिताहे वण्ठितास्वहे वण्ठितास्महे
लिट् लकार परोक्ष भूतकाल
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम ववण्ठे ववण्ठाते ववण्ठिरे मध्यम ववण्ठिषे ववण्ठाथे ववण्ठिध्वे उत्तम ववण्ठे ववण्ठिवहे ववण्ठिमहे
लुङ् लकार सामान्य भूतकाल
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम अवण्ठिष्ट अवण्ठिषाताम् अवण्ठिषत मध्यम अवण्ठिष्ठाः अवण्ठिषाथाम् अवण्ठिध्वम् उत्तम अवण्ठिषि अवण्ठिष्वहि अवण्ठिष्महि
आशीर्लिङ् लकार आशीर्वाद
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम वण्ठिषीष्ट वण्ठिषीयास्ताम् वण्ठिषीरन् मध्यम वण्ठिषीष्ठाः वण्ठिषीयास्थाम् वण्ठिषीध्वम् उत्तम वण्ठिषीय वण्ठिषीवहि वण्ठिषीमहि
लृङ् लकार क्रियातिपत्ति (हेतुहेतुमद्भूत)
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम अवण्ठिष्यत अवण्ठिष्येताम् अवण्ठिष्यन्त मध्यम अवण्ठिष्यथाः अवण्ठिष्येथाम् अवण्ठिष्यध्वम् उत्तम अवण्ठिष्ये अवण्ठिष्यावहि अवण्ठिष्यामहि
कर्मणि प्रयोग में क्रिया कर्म के अनुसार (सकर्मक धातु), भावे प्रयोग में सदा प्रथम पुरुष एकवचन (अकर्मक धातु) — आत्मनेपद के प्रत्यय।
लट् लकार वर्तमान काल
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम वण्ठ्यते वण्ठ्येते वण्ठ्यन्ते मध्यम वण्ठ्यसे वण्ठ्येथे वण्ठ्यध्वे उत्तम वण्ठ्ये वण्ठ्यावहे वण्ठ्यामहे
लोट् लकार आज्ञा / प्रार्थना
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम वण्ठ्यताम् वण्ठ्येताम् वण्ठ्यन्ताम् मध्यम वण्ठ्यस्व वण्ठ्येथाम् वण्ठ्यध्वम् उत्तम वण्ठ्यै वण्ठ्यावहै वण्ठ्यामहै
लङ् लकार अनद्यतन भूतकाल
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम अवण्ठ्यत अवण्ठ्येताम् अवण्ठ्यन्त मध्यम अवण्ठ्यथाः अवण्ठ्येथाम् अवण्ठ्यध्वम् उत्तम अवण्ठ्ये अवण्ठ्यावहि अवण्ठ्यामहि
विधिलिङ् लकार विधि / चाहिए / सम्भावना
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम वण्ठ्येत वण्ठ्येयाताम् वण्ठ्येरन् मध्यम वण्ठ्येथाः वण्ठ्येयाथाम् वण्ठ्येध्वम् उत्तम वण्ठ्येय वण्ठ्येवहि वण्ठ्येमहि
लृट् लकार सामान्य भविष्यत्
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम वण्ठिष्यते वण्ठिष्येते वण्ठिष्यन्ते मध्यम वण्ठिष्यसे वण्ठिष्येथे वण्ठिष्यध्वे उत्तम वण्ठिष्ये वण्ठिष्यावहे वण्ठिष्यामहे
प्रत्यय प्रयोग / अर्थ प्रातिपदिक / अव्यय पुंलिङ्ग स्त्रीलिङ्ग नपुंसकलिङ्ग
ल्युट् भाववाचक/करणवाचक कृदन्त वण्ठन — — वण्ठनम्
ण्वुल् कर्तृवाचक कृदन्त वण्ठक वण्ठकः वण्ठिका वण्ठकम्
तृच् कर्तृवाचक कृदन्त वण्ठितृ वण्ठिता वण्ठित्री वण्ठितृ
ण्यत् विध्यर्थक कृदन्त वण्ठ्य वण्ठ्यः वण्ठ्या वण्ठ्यम्
तव्य विध्यर्थक कृदन्त (करना चाहिए) वण्ठितव्य वण्ठितव्यः वण्ठितव्या वण्ठितव्यम्
अनीयर् विध्यर्थक कृदन्त वण्ठनीय वण्ठनीयः वण्ठनीया वण्ठनीयम्
क्त भूतकालिक कर्मणि कृदन्त (निष्ठा) वण्ठित वण्ठितः वण्ठिता वण्ठितम्
क्तवतु भूतकालिक कर्तरि कृदन्त (निष्ठा) वण्ठितवत् वण्ठितवान् वण्ठितवती वण्ठितवत् / वण्ठितवद्
शानच् वर्तमानकालिक कृदन्त (आत्मनेपद) वण्ठमान वण्ठमानः वण्ठमाना वण्ठमानम्
क्त्वा पूर्वकालिक अव्यय (करके) वण्ठित्वा — — —
ल्यप् पूर्वकालिक अव्यय, उपसर्ग-सहित (करके) प्रवण्ठ्य — — —
तुमुन् निमित्तार्थक अव्यय (करने के लिए) वण्ठितुम् — — —
णमुल् पूर्वकालिक/आभीक्ष्ण्य अव्यय वण्ठम् — — —
घञ् भाववाचक कृदन्त वण्ठ वण्ठः — —
क्तिन् भाववाचक स्त्रीलिङ्ग कृदन्त वण्टि — वण्टिः —
क्वसु भूतकालिक (लिट्) कृदन्त ववण्ठ्वस् ववण्ठ्वान् ववण्ठुषी ववण्ठ्वत् / ववण्ठ्वद्
इन कृदन्त-प्रातिपदिकों के सम्पूर्ण विभक्ति-रूप शब्द-रूपावली में देखें (जैसे क्त — भूत → पुंलिङ्ग "राम" के समान)।