२२००+ धातुओं के दसों लकारों के रूप, कर्मणि-भावे प्रयोग व कृदन्त — धातु, क्रिया-रूप (गच्छति, अकरोत् ) या अर्थ (जाना, read ) से खोजें
मूल् (मूलँ)
भ्वादिगण · परस्मैपदी · धातुपाठ 01.0607
धात्वर्थ: प्रतिष्ठायाम् — जड़ जमाना (to root, to be firm, to establish)
कर्तरि — परस्मैपद कर्मणि / भावे कृदन्त
लट् लकार वर्तमान काल
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम मूलति मूलतः मूलन्ति मध्यम मूलसि मूलथः मूलथ उत्तम मूलामि मूलावः मूलामः
लोट् लकार आज्ञा / प्रार्थना
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम मूलतात् / मूलताद् / मूलतु मूलताम् मूलन्तु मध्यम मूल / मूलतात् / मूलताद् मूलतम् मूलत उत्तम मूलानि मूलाव मूलाम
लङ् लकार अनद्यतन भूतकाल
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम अमूलत् / अमूलद् अमूलताम् अमूलन् मध्यम अमूलः अमूलतम् अमूलत उत्तम अमूलम् अमूलाव अमूलाम
विधिलिङ् लकार विधि / चाहिए / सम्भावना
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम मूलेत् / मूलेद् मूलेताम् मूलेयुः मध्यम मूलेः मूलेतम् मूलेत उत्तम मूलेयम् मूलेव मूलेम
लृट् लकार सामान्य भविष्यत्
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम मूलिष्यति मूलिष्यतः मूलिष्यन्ति मध्यम मूलिष्यसि मूलिष्यथः मूलिष्यथ उत्तम मूलिष्यामि मूलिष्यावः मूलिष्यामः
लुट् लकार अनद्यतन भविष्यत्
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम मूलिता मूलितारौ मूलितारः मध्यम मूलितासि मूलितास्थः मूलितास्थ उत्तम मूलितास्मि मूलितास्वः मूलितास्मः
लिट् लकार परोक्ष भूतकाल
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम मुमूल मुमूलतुः मुमूलुः मध्यम मुमूलिथ मुमूलथुः मुमूल उत्तम मुमूल मुमूलिव मुमूलिम
लुङ् लकार सामान्य भूतकाल
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम अमूलीत् / अमूलीद् अमूलिष्टाम् अमूलिषुः मध्यम अमूलीः अमूलिष्टम् अमूलिष्ट उत्तम अमूलिषम् अमूलिष्व अमूलिष्म
आशीर्लिङ् लकार आशीर्वाद
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम मूल्यात् / मूल्याद् मूल्यास्ताम् मूल्यासुः मध्यम मूल्याः मूल्यास्तम् मूल्यास्त उत्तम मूल्यासम् मूल्यास्व मूल्यास्म
लृङ् लकार क्रियातिपत्ति (हेतुहेतुमद्भूत)
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम अमूलिष्यत् / अमूलिष्यद् अमूलिष्यताम् अमूलिष्यन् मध्यम अमूलिष्यः अमूलिष्यतम् अमूलिष्यत उत्तम अमूलिष्यम् अमूलिष्याव अमूलिष्याम
कर्मणि प्रयोग में क्रिया कर्म के अनुसार (सकर्मक धातु), भावे प्रयोग में सदा प्रथम पुरुष एकवचन (अकर्मक धातु) — आत्मनेपद के प्रत्यय।
लट् लकार वर्तमान काल
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम मूल्यते मूल्येते मूल्यन्ते मध्यम मूल्यसे मूल्येथे मूल्यध्वे उत्तम मूल्ये मूल्यावहे मूल्यामहे
लोट् लकार आज्ञा / प्रार्थना
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम मूल्यताम् मूल्येताम् मूल्यन्ताम् मध्यम मूल्यस्व मूल्येथाम् मूल्यध्वम् उत्तम मूल्यै मूल्यावहै मूल्यामहै
लङ् लकार अनद्यतन भूतकाल
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम अमूल्यत अमूल्येताम् अमूल्यन्त मध्यम अमूल्यथाः अमूल्येथाम् अमूल्यध्वम् उत्तम अमूल्ये अमूल्यावहि अमूल्यामहि
विधिलिङ् लकार विधि / चाहिए / सम्भावना
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम मूल्येत मूल्येयाताम् मूल्येरन् मध्यम मूल्येथाः मूल्येयाथाम् मूल्येध्वम् उत्तम मूल्येय मूल्येवहि मूल्येमहि
लृट् लकार सामान्य भविष्यत्
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम मूलिष्यते मूलिष्येते मूलिष्यन्ते मध्यम मूलिष्यसे मूलिष्येथे मूलिष्यध्वे उत्तम मूलिष्ये मूलिष्यावहे मूलिष्यामहे
प्रत्यय प्रयोग / अर्थ प्रातिपदिक / अव्यय पुंलिङ्ग स्त्रीलिङ्ग नपुंसकलिङ्ग
ल्युट् भाववाचक/करणवाचक कृदन्त मूलन — — मूलनम्
ण्वुल् कर्तृवाचक कृदन्त मूलक मूलकः मूलिका मूलकम्
तृच् कर्तृवाचक कृदन्त मूलितृ मूलिता मूलित्री मूलितृ
ण्यत् विध्यर्थक कृदन्त मूल्य मूल्यः मूल्या मूल्यम्
तव्य विध्यर्थक कृदन्त (करना चाहिए) मूलितव्य मूलितव्यः मूलितव्या मूलितव्यम्
अनीयर् विध्यर्थक कृदन्त मूलनीय मूलनीयः मूलनीया मूलनीयम्
क्त भूतकालिक कर्मणि कृदन्त (निष्ठा) मूलित मूलितः मूलिता मूलितम्
क्तवतु भूतकालिक कर्तरि कृदन्त (निष्ठा) मूलितवत् मूलितवान् मूलितवती मूलितवत् / मूलितवद्
शतृ वर्तमानकालिक कृदन्त (परस्मैपद) मूलत् मूलन् मूलन्ती मूलत् / मूलद्
स्य-शतृ भविष्यत्कालिक कृदन्त मूलिष्यत् मूलिष्यन् मूलिष्यती / मूलिष्यन्ती मूलिष्यत् / मूलिष्यद्
क्त्वा पूर्वकालिक अव्यय (करके) मूलित्वा — — —
ल्यप् पूर्वकालिक अव्यय, उपसर्ग-सहित (करके) प्रमूल्य — — —
तुमुन् निमित्तार्थक अव्यय (करने के लिए) मूलितुम् — — —
णमुल् पूर्वकालिक/आभीक्ष्ण्य अव्यय मूलम् — — —
घञ् भाववाचक कृदन्त मूल मूलः — —
क्तिन् भाववाचक स्त्रीलिङ्ग कृदन्त मूल्ति — मूल्तिः —
क्वसु भूतकालिक (लिट्) कृदन्त मुमूल्वस् मुमूल्वान् मुमूलुषी मुमूल्वत् / मुमूल्वद्
इन कृदन्त-प्रातिपदिकों के सम्पूर्ण विभक्ति-रूप शब्द-रूपावली में देखें (जैसे क्त — भूत → पुंलिङ्ग "राम" के समान)।