२२००+ धातुओं के दसों लकारों के रूप, कर्मणि-भावे प्रयोग व कृदन्त — धातु, क्रिया-रूप (गच्छति, अकरोत् ) या अर्थ (जाना, read ) से खोजें
पीव् (पीवँ)
भ्वादिगण · परस्मैपदी · धातुपाठ 01.0644
धात्वर्थ: स्थौल्ये — मोटा होना, स्थूल होना, पुष्ट होना (to be fat, to be thick)
कर्तरि — परस्मैपद कर्मणि / भावे कृदन्त
लट् लकार वर्तमान काल
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम पीवति पीवतः पीवन्ति मध्यम पीवसि पीवथः पीवथ उत्तम पीवामि पीवावः पीवामः
लोट् लकार आज्ञा / प्रार्थना
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम पीवतात् / पीवताद् / पीवतु पीवताम् पीवन्तु मध्यम पीव / पीवतात् / पीवताद् पीवतम् पीवत उत्तम पीवानि पीवाव पीवाम
लङ् लकार अनद्यतन भूतकाल
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम अपीवत् / अपीवद् अपीवताम् अपीवन् मध्यम अपीवः अपीवतम् अपीवत उत्तम अपीवम् अपीवाव अपीवाम
विधिलिङ् लकार विधि / चाहिए / सम्भावना
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम पीवेत् / पीवेद् पीवेताम् पीवेयुः मध्यम पीवेः पीवेतम् पीवेत उत्तम पीवेयम् पीवेव पीवेम
लृट् लकार सामान्य भविष्यत्
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम पीविष्यति पीविष्यतः पीविष्यन्ति मध्यम पीविष्यसि पीविष्यथः पीविष्यथ उत्तम पीविष्यामि पीविष्यावः पीविष्यामः
लुट् लकार अनद्यतन भविष्यत्
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम पीविता पीवितारौ पीवितारः मध्यम पीवितासि पीवितास्थः पीवितास्थ उत्तम पीवितास्मि पीवितास्वः पीवितास्मः
लिट् लकार परोक्ष भूतकाल
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम पिपीव पिपीवतुः पिपीवुः मध्यम पिपीविथ पिपीवथुः पिपीव उत्तम पिपीव पिपीविव पिपीविम
लुङ् लकार सामान्य भूतकाल
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम अपीवीत् / अपीवीद् अपीविष्टाम् अपीविषुः मध्यम अपीवीः अपीविष्टम् अपीविष्ट उत्तम अपीविषम् अपीविष्व अपीविष्म
आशीर्लिङ् लकार आशीर्वाद
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम पीव्यात् / पीव्याद् पीव्यास्ताम् पीव्यासुः मध्यम पीव्याः पीव्यास्तम् पीव्यास्त उत्तम पीव्यासम् पीव्यास्व पीव्यास्म
लृङ् लकार क्रियातिपत्ति (हेतुहेतुमद्भूत)
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम अपीविष्यत् / अपीविष्यद् अपीविष्यताम् अपीविष्यन् मध्यम अपीविष्यः अपीविष्यतम् अपीविष्यत उत्तम अपीविष्यम् अपीविष्याव अपीविष्याम
कर्मणि प्रयोग में क्रिया कर्म के अनुसार (सकर्मक धातु), भावे प्रयोग में सदा प्रथम पुरुष एकवचन (अकर्मक धातु) — आत्मनेपद के प्रत्यय।
लट् लकार वर्तमान काल
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम पीव्यते पीव्येते पीव्यन्ते मध्यम पीव्यसे पीव्येथे पीव्यध्वे उत्तम पीव्ये पीव्यावहे पीव्यामहे
लोट् लकार आज्ञा / प्रार्थना
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम पीव्यताम् पीव्येताम् पीव्यन्ताम् मध्यम पीव्यस्व पीव्येथाम् पीव्यध्वम् उत्तम पीव्यै पीव्यावहै पीव्यामहै
लङ् लकार अनद्यतन भूतकाल
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम अपीव्यत अपीव्येताम् अपीव्यन्त मध्यम अपीव्यथाः अपीव्येथाम् अपीव्यध्वम् उत्तम अपीव्ये अपीव्यावहि अपीव्यामहि
विधिलिङ् लकार विधि / चाहिए / सम्भावना
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम पीव्येत पीव्येयाताम् पीव्येरन् मध्यम पीव्येथाः पीव्येयाथाम् पीव्येध्वम् उत्तम पीव्येय पीव्येवहि पीव्येमहि
लृट् लकार सामान्य भविष्यत्
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम पीविष्यते पीविष्येते पीविष्यन्ते मध्यम पीविष्यसे पीविष्येथे पीविष्यध्वे उत्तम पीविष्ये पीविष्यावहे पीविष्यामहे
प्रत्यय प्रयोग / अर्थ प्रातिपदिक / अव्यय पुंलिङ्ग स्त्रीलिङ्ग नपुंसकलिङ्ग
ल्युट् भाववाचक/करणवाचक कृदन्त पीवन — — पीवनम्
ण्वुल् कर्तृवाचक कृदन्त पीवक पीवकः पीविका पीवकम्
तृच् कर्तृवाचक कृदन्त पीवितृ पीविता पीवित्री पीवितृ
ण्यत् विध्यर्थक कृदन्त पीव्य पीव्यः पीव्या पीव्यम्
तव्य विध्यर्थक कृदन्त (करना चाहिए) पीवितव्य पीवितव्यः पीवितव्या पीवितव्यम्
अनीयर् विध्यर्थक कृदन्त पीवनीय पीवनीयः पीवनीया पीवनीयम्
क्त भूतकालिक कर्मणि कृदन्त (निष्ठा) पीवित पीवितः पीविता पीवितम्
क्तवतु भूतकालिक कर्तरि कृदन्त (निष्ठा) पीवितवत् पीवितवान् पीवितवती पीवितवत् / पीवितवद्
शतृ वर्तमानकालिक कृदन्त (परस्मैपद) पीवत् पीवन् पीवन्ती पीवत् / पीवद्
स्य-शतृ भविष्यत्कालिक कृदन्त पीविष्यत् पीविष्यन् पीविष्यती / पीविष्यन्ती पीविष्यत् / पीविष्यद्
क्त्वा पूर्वकालिक अव्यय (करके) पीवित्वा — — —
ल्यप् पूर्वकालिक अव्यय, उपसर्ग-सहित (करके) प्रपीव्य — — —
तुमुन् निमित्तार्थक अव्यय (करने के लिए) पीवितुम् — — —
णमुल् पूर्वकालिक/आभीक्ष्ण्य अव्यय पीवम् — — —
घञ् भाववाचक कृदन्त पीव पीवः — —
क्तिन् भाववाचक स्त्रीलिङ्ग कृदन्त प्यूति — प्यूतिः —
क्वसु भूतकालिक (लिट्) कृदन्त पिपीवस् पिपीवान् पिपुषी पिपीवत् / पिपीवद्
इन कृदन्त-प्रातिपदिकों के सम्पूर्ण विभक्ति-रूप शब्द-रूपावली में देखें (जैसे क्त — भूत → पुंलिङ्ग "राम" के समान)।