२२००+ धातुओं के दसों लकारों के रूप, कर्मणि-भावे प्रयोग व कृदन्त — धातु, क्रिया-रूप (गच्छति, अकरोत् ) या अर्थ (जाना, read ) से खोजें
रह् (रहँ)
भ्वादिगण · परस्मैपदी · धातुपाठ 01.0832
धात्वर्थ: त्यागे — त्यागना, छोडना (to abandon,to quit, to leave)
कर्तरि — परस्मैपद कर्मणि / भावे कृदन्त
लट् लकार वर्तमान काल
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम रहति रहतः रहन्ति मध्यम रहसि रहथः रहथ उत्तम रहामि रहावः रहामः
लोट् लकार आज्ञा / प्रार्थना
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम रहतात् / रहताद् / रहतु रहताम् रहन्तु मध्यम रह / रहतात् / रहताद् रहतम् रहत उत्तम रहाणि रहाव रहाम
लङ् लकार अनद्यतन भूतकाल
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम अरहत् / अरहद् अरहताम् अरहन् मध्यम अरहः अरहतम् अरहत उत्तम अरहम् अरहाव अरहाम
विधिलिङ् लकार विधि / चाहिए / सम्भावना
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम रहेत् / रहेद् रहेताम् रहेयुः मध्यम रहेः रहेतम् रहेत उत्तम रहेयम् रहेव रहेम
लृट् लकार सामान्य भविष्यत्
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम रहिष्यति रहिष्यतः रहिष्यन्ति मध्यम रहिष्यसि रहिष्यथः रहिष्यथ उत्तम रहिष्यामि रहिष्यावः रहिष्यामः
लुट् लकार अनद्यतन भविष्यत्
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम रहिता रहितारौ रहितारः मध्यम रहितासि रहितास्थः रहितास्थ उत्तम रहितास्मि रहितास्वः रहितास्मः
लिट् लकार परोक्ष भूतकाल
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम रराह रेहतुः रेहुः मध्यम रेहिथ रेहथुः रेह उत्तम ररह / रराह रेहिव रेहिम
लुङ् लकार सामान्य भूतकाल
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम अरहीत् / अरहीद् अरहिष्टाम् अरहिषुः मध्यम अरहीः अरहिष्टम् अरहिष्ट उत्तम अरहिषम् अरहिष्व अरहिष्म
आशीर्लिङ् लकार आशीर्वाद
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम रह्यात् / रह्याद् रह्यास्ताम् रह्यासुः मध्यम रह्याः रह्यास्तम् रह्यास्त उत्तम रह्यासम् रह्यास्व रह्यास्म
लृङ् लकार क्रियातिपत्ति (हेतुहेतुमद्भूत)
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम अरहिष्यत् / अरहिष्यद् अरहिष्यताम् अरहिष्यन् मध्यम अरहिष्यः अरहिष्यतम् अरहिष्यत उत्तम अरहिष्यम् अरहिष्याव अरहिष्याम
कर्मणि प्रयोग में क्रिया कर्म के अनुसार (सकर्मक धातु), भावे प्रयोग में सदा प्रथम पुरुष एकवचन (अकर्मक धातु) — आत्मनेपद के प्रत्यय।
लट् लकार वर्तमान काल
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम रह्यते रह्येते रह्यन्ते मध्यम रह्यसे रह्येथे रह्यध्वे उत्तम रह्ये रह्यावहे रह्यामहे
लोट् लकार आज्ञा / प्रार्थना
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम रह्यताम् रह्येताम् रह्यन्ताम् मध्यम रह्यस्व रह्येथाम् रह्यध्वम् उत्तम रह्यै रह्यावहै रह्यामहै
लङ् लकार अनद्यतन भूतकाल
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम अरह्यत अरह्येताम् अरह्यन्त मध्यम अरह्यथाः अरह्येथाम् अरह्यध्वम् उत्तम अरह्ये अरह्यावहि अरह्यामहि
विधिलिङ् लकार विधि / चाहिए / सम्भावना
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम रह्येत रह्येयाताम् रह्येरन् मध्यम रह्येथाः रह्येयाथाम् रह्येध्वम् उत्तम रह्येय रह्येवहि रह्येमहि
लृट् लकार सामान्य भविष्यत्
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम रहिष्यते रहिष्येते रहिष्यन्ते मध्यम रहिष्यसे रहिष्येथे रहिष्यध्वे उत्तम रहिष्ये रहिष्यावहे रहिष्यामहे
प्रत्यय प्रयोग / अर्थ प्रातिपदिक / अव्यय पुंलिङ्ग स्त्रीलिङ्ग नपुंसकलिङ्ग
ल्युट् भाववाचक/करणवाचक कृदन्त रहण — — रहणम्
ण्वुल् कर्तृवाचक कृदन्त राहक राहकः राहिका राहकम्
तृच् कर्तृवाचक कृदन्त रहितृ रहिता रहित्री रहितृ
ण्यत् विध्यर्थक कृदन्त राह्य राह्यः राह्या राह्यम्
तव्य विध्यर्थक कृदन्त (करना चाहिए) रहितव्य रहितव्यः रहितव्या रहितव्यम्
अनीयर् विध्यर्थक कृदन्त रहणीय रहणीयः रहणीया रहणीयम्
क्त भूतकालिक कर्मणि कृदन्त (निष्ठा) रहित रहितः रहिता रहितम्
क्तवतु भूतकालिक कर्तरि कृदन्त (निष्ठा) रहितवत् रहितवान् रहितवती रहितवत् / रहितवद्
शतृ वर्तमानकालिक कृदन्त (परस्मैपद) रहत् रहन् रहन्ती रहत् / रहद्
स्य-शतृ भविष्यत्कालिक कृदन्त रहिष्यत् रहिष्यन् रहिष्यती / रहिष्यन्ती रहिष्यत् / रहिष्यद्
क्त्वा पूर्वकालिक अव्यय (करके) रहित्वा — — —
ल्यप् पूर्वकालिक अव्यय, उपसर्ग-सहित (करके) प्ररह्य — — —
तुमुन् निमित्तार्थक अव्यय (करने के लिए) रहितुम् — — —
णमुल् पूर्वकालिक/आभीक्ष्ण्य अव्यय राहम् — — —
घञ् भाववाचक कृदन्त राह राहः — —
क्तिन् भाववाचक स्त्रीलिङ्ग कृदन्त राढि — राढिः —
क्वसु भूतकालिक (लिट्) कृदन्त रेहिवस् रेहिवान् रेहुषी रेहिवत् / रेहिवद्
इन कृदन्त-प्रातिपदिकों के सम्पूर्ण विभक्ति-रूप शब्द-रूपावली में देखें (जैसे क्त — भूत → पुंलिङ्ग "राम" के समान)।