२२००+ धातुओं के दसों लकारों के रूप, कर्मणि-भावे प्रयोग व कृदन्त — धातु, क्रिया-रूप (गच्छति, अकरोत् ) या अर्थ (जाना, read ) से खोजें
छृद् (उँछृदिँर्)
रुधादिगण · उभयपदी · धातुपाठ 07.0008
धात्वर्थ: दीप्तिदेवनयोः — चमकना, प्रकाशित होना, क्रीड़ा करना, खेलना (to glow, to shine,to play)
कर्तरि — परस्मैपद कर्तरि — आत्मनेपद कर्मणि / भावे कृदन्त
लट् लकार वर्तमान काल
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम छृणत्ति छृन्तः / छृन्त्तः छृन्दन्ति मध्यम छृणत्सि छृन्त्थः / छृन्थः छृन्त्थ / छृन्थ उत्तम छृणद्मि छृन्द्वः छृन्द्मः
लोट् लकार आज्ञा / प्रार्थना
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम छृणत्तु / छृन्तात् / छृन्ताद् / छृन्त्तात् / छृन्त्ताद् छृन्ताम् / छृन्त्ताम् छृन्दन्तु मध्यम छृन्तात् / छृन्ताद् / छृन्त्तात् / छृन्त्ताद् / छृन्द्धि / छृन्धि छृन्तम् / छृन्त्तम् छृन्त / छृन्त्त उत्तम छृणदानि छृणदाव छृणदाम
लङ् लकार अनद्यतन भूतकाल
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम अच्छृणत् / अच्छृणद् अच्छृन्ताम् / अच्छृन्त्ताम् अच्छृन्दन् मध्यम अच्छृणः / अच्छृणत् / अच्छृणद् अच्छृन्तम् / अच्छृन्त्तम् अच्छृन्त / अच्छृन्त्त उत्तम अच्छृणदम् अच्छृन्द्व अच्छृन्द्म
विधिलिङ् लकार विधि / चाहिए / सम्भावना
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम छृन्द्यात् / छृन्द्याद् छृन्द्याताम् छृन्द्युः मध्यम छृन्द्याः छृन्द्यातम् छृन्द्यात उत्तम छृन्द्याम् छृन्द्याव छृन्द्याम
लृट् लकार सामान्य भविष्यत्
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम छर्त्स्यति / छर्दिष्यति छर्त्स्यतः / छर्दिष्यतः छर्त्स्यन्ति / छर्दिष्यन्ति मध्यम छर्त्स्यसि / छर्दिष्यसि छर्त्स्यथः / छर्दिष्यथः छर्त्स्यथ / छर्दिष्यथ उत्तम छर्त्स्यामि / छर्दिष्यामि छर्त्स्यावः / छर्दिष्यावः छर्त्स्यामः / छर्दिष्यामः
लुट् लकार अनद्यतन भविष्यत्
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम छर्दिता छर्दितारौ छर्दितारः मध्यम छर्दितासि छर्दितास्थः छर्दितास्थ उत्तम छर्दितास्मि छर्दितास्वः छर्दितास्मः
लिट् लकार परोक्ष भूतकाल
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम चच्छर्द चच्छृदतुः चच्छृदुः मध्यम चच्छर्दिथ चच्छृदथुः चच्छृद उत्तम चच्छर्द चच्छृदिव चच्छृदिम
लुङ् लकार सामान्य भूतकाल
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम अच्छर्दीत् / अच्छर्दीद् / अच्छृदत् / अच्छृदद् अच्छर्दिष्टाम् / अच्छृदताम् अच्छर्दिषुः / अच्छृदन् मध्यम अच्छर्दीः / अच्छृदः अच्छर्दिष्टम् / अच्छृदतम् अच्छर्दिष्ट / अच्छृदत उत्तम अच्छर्दिषम् / अच्छृदम् अच्छर्दिष्व / अच्छृदाव अच्छर्दिष्म / अच्छृदाम
आशीर्लिङ् लकार आशीर्वाद
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम छृद्यात् / छृद्याद् छृद्यास्ताम् छृद्यासुः मध्यम छृद्याः छृद्यास्तम् छृद्यास्त उत्तम छृद्यासम् छृद्यास्व छृद्यास्म
लृङ् लकार क्रियातिपत्ति (हेतुहेतुमद्भूत)
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम अच्छर्त्स्यत् / अच्छर्त्स्यद् / अच्छर्दिष्यत् / अच्छर्दिष्यद् अच्छर्त्स्यताम् / अच्छर्दिष्यताम् अच्छर्त्स्यन् / अच्छर्दिष्यन् मध्यम अच्छर्त्स्यः / अच्छर्दिष्यः अच्छर्त्स्यतम् / अच्छर्दिष्यतम् अच्छर्त्स्यत / अच्छर्दिष्यत उत्तम अच्छर्त्स्यम् / अच्छर्दिष्यम् अच्छर्त्स्याव / अच्छर्दिष्याव अच्छर्त्स्याम / अच्छर्दिष्याम
लट् लकार वर्तमान काल
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम छृन्ते / छृन्त्ते छृन्दाते छृन्दते मध्यम छृन्त्से छृन्दाथे छृन्द्ध्वे / छृन्ध्वे उत्तम छृन्दे छृन्द्वहे छृन्द्महे
लोट् लकार आज्ञा / प्रार्थना
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम छृन्ताम् / छृन्त्ताम् छृन्दाताम् छृन्दताम् मध्यम छृन्त्स्व छृन्दाथाम् छृन्द्ध्वम् / छृन्ध्वम् उत्तम छृणदै छृणदावहै छृणदामहै
लङ् लकार अनद्यतन भूतकाल
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम अच्छृन्त / अच्छृन्त्त अच्छृन्दाताम् अच्छृन्दत मध्यम अच्छृन्त्थाः / अच्छृन्थाः अच्छृन्दाथाम् अच्छृन्द्ध्वम् / अच्छृन्ध्वम् उत्तम अच्छृन्दि अच्छृन्द्वहि अच्छृन्द्महि
विधिलिङ् लकार विधि / चाहिए / सम्भावना
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम छृन्दीत छृन्दीयाताम् छृन्दीरन् मध्यम छृन्दीथाः छृन्दीयाथाम् छृन्दीध्वम् उत्तम छृन्दीय छृन्दीवहि छृन्दीमहि
लृट् लकार सामान्य भविष्यत्
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम छर्त्स्यते / छर्दिष्यते छर्त्स्येते / छर्दिष्येते छर्त्स्यन्ते / छर्दिष्यन्ते मध्यम छर्त्स्यसे / छर्दिष्यसे छर्त्स्येथे / छर्दिष्येथे छर्त्स्यध्वे / छर्दिष्यध्वे उत्तम छर्त्स्ये / छर्दिष्ये छर्त्स्यावहे / छर्दिष्यावहे छर्त्स्यामहे / छर्दिष्यामहे
लुट् लकार अनद्यतन भविष्यत्
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम छर्दिता छर्दितारौ छर्दितारः मध्यम छर्दितासे छर्दितासाथे छर्दिताध्वे उत्तम छर्दिताहे छर्दितास्वहे छर्दितास्महे
लिट् लकार परोक्ष भूतकाल
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम चच्छृदे चच्छृदाते चच्छृदिरे मध्यम चच्छृत्से / चच्छृदिषे चच्छृदाथे चच्छृदिध्वे उत्तम चच्छृदे चच्छृदिवहे चच्छृदिमहे
लुङ् लकार सामान्य भूतकाल
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम अच्छर्दिष्ट अच्छर्दिषाताम् अच्छर्दिषत मध्यम अच्छर्दिष्ठाः अच्छर्दिषाथाम् अच्छर्दिध्वम् उत्तम अच्छर्दिषि अच्छर्दिष्वहि अच्छर्दिष्महि
आशीर्लिङ् लकार आशीर्वाद
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम छर्दिषीष्ट / छृत्सीष्ट छर्दिषीयास्ताम् / छृत्सीयास्ताम् छर्दिषीरन् / छृत्सीरन् मध्यम छर्दिषीष्ठाः / छृत्सीष्ठाः छर्दिषीयास्थाम् / छृत्सीयास्थाम् छर्दिषीध्वम् / छृत्सीध्वम् उत्तम छर्दिषीय / छृत्सीय छर्दिषीवहि / छृत्सीवहि छर्दिषीमहि / छृत्सीमहि
लृङ् लकार क्रियातिपत्ति (हेतुहेतुमद्भूत)
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम अच्छर्त्स्यत / अच्छर्दिष्यत अच्छर्त्स्येताम् / अच्छर्दिष्येताम् अच्छर्त्स्यन्त / अच्छर्दिष्यन्त मध्यम अच्छर्त्स्यथाः / अच्छर्दिष्यथाः अच्छर्त्स्येथाम् / अच्छर्दिष्येथाम् अच्छर्त्स्यध्वम् / अच्छर्दिष्यध्वम् उत्तम अच्छर्त्स्ये / अच्छर्दिष्ये अच्छर्त्स्यावहि / अच्छर्दिष्यावहि अच्छर्त्स्यामहि / अच्छर्दिष्यामहि
कर्मणि प्रयोग में क्रिया कर्म के अनुसार (सकर्मक धातु), भावे प्रयोग में सदा प्रथम पुरुष एकवचन (अकर्मक धातु) — आत्मनेपद के प्रत्यय।
लट् लकार वर्तमान काल
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम छृद्यते छृद्येते छृद्यन्ते मध्यम छृद्यसे छृद्येथे छृद्यध्वे उत्तम छृद्ये छृद्यावहे छृद्यामहे
लोट् लकार आज्ञा / प्रार्थना
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम छृद्यताम् छृद्येताम् छृद्यन्ताम् मध्यम छृद्यस्व छृद्येथाम् छृद्यध्वम् उत्तम छृद्यै छृद्यावहै छृद्यामहै
लङ् लकार अनद्यतन भूतकाल
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम अच्छृद्यत अच्छृद्येताम् अच्छृद्यन्त मध्यम अच्छृद्यथाः अच्छृद्येथाम् अच्छृद्यध्वम् उत्तम अच्छृद्ये अच्छृद्यावहि अच्छृद्यामहि
विधिलिङ् लकार विधि / चाहिए / सम्भावना
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम छृद्येत छृद्येयाताम् छृद्येरन् मध्यम छृद्येथाः छृद्येयाथाम् छृद्येध्वम् उत्तम छृद्येय छृद्येवहि छृद्येमहि
लृट् लकार सामान्य भविष्यत्
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम छर्त्स्यते / छर्दिष्यते छर्त्स्येते / छर्दिष्येते छर्त्स्यन्ते / छर्दिष्यन्ते मध्यम छर्त्स्यसे / छर्दिष्यसे छर्त्स्येथे / छर्दिष्येथे छर्त्स्यध्वे / छर्दिष्यध्वे उत्तम छर्त्स्ये / छर्दिष्ये छर्त्स्यावहे / छर्दिष्यावहे छर्त्स्यामहे / छर्दिष्यामहे
प्रत्यय प्रयोग / अर्थ प्रातिपदिक / अव्यय पुंलिङ्ग स्त्रीलिङ्ग नपुंसकलिङ्ग
ल्युट् भाववाचक/करणवाचक कृदन्त छर्दन — — छर्दनम्
ण्वुल् कर्तृवाचक कृदन्त छर्दक छर्दकः छर्दिका छर्दकम्
तृच् कर्तृवाचक कृदन्त छर्दितृ छर्दिता छर्दित्री छर्दितृ
तव्य विध्यर्थक कृदन्त (करना चाहिए) छर्दितव्य छर्दितव्यः छर्दितव्या छर्दितव्यम्
अनीयर् विध्यर्थक कृदन्त छर्दनीय छर्दनीयः छर्दनीया छर्दनीयम्
क्त भूतकालिक कर्मणि कृदन्त (निष्ठा) छृण्ण छृण्णः छृण्णा छृण्णम्
क्तवतु भूतकालिक कर्तरि कृदन्त (निष्ठा) छृण्णवत् छृण्णवान् छृण्णवती छृण्णवत् / छृण्णवद्
शतृ वर्तमानकालिक कृदन्त (परस्मैपद) छृन्दत् छृन्दन् छृन्दती छृन्दत् / छृन्दद्
स्य-शतृ भविष्यत्कालिक कृदन्त छर्त्स्यत् छर्त्स्यन् छर्त्स्यती / छर्त्स्यन्ती छर्त्स्यत् / छर्त्स्यद्
शानच् वर्तमानकालिक कृदन्त (आत्मनेपद) छृन्दान छृन्दानः छृन्दाना छृन्दानम्
क्त्वा पूर्वकालिक अव्यय (करके) छृत्त्वा — — —
ल्यप् पूर्वकालिक अव्यय, उपसर्ग-सहित (करके) प्रच्छृद्य — — —
तुमुन् निमित्तार्थक अव्यय (करने के लिए) छर्दितुम् — — —
णमुल् पूर्वकालिक/आभीक्ष्ण्य अव्यय छर्दम् — — —
घञ् भाववाचक कृदन्त छर्द छर्दः — —
क्तिन् भाववाचक स्त्रीलिङ्ग कृदन्त छृत्ति — छृत्तिः —
क्वसु भूतकालिक (लिट्) कृदन्त चच्छृद्वस् चच्छृद्वान् चच्छृदुषी चच्छृद्वत् / चच्छृद्वद्
इन कृदन्त-प्रातिपदिकों के सम्पूर्ण विभक्ति-रूप शब्द-रूपावली में देखें (जैसे क्त — भूत → पुंलिङ्ग "राम" के समान)।