२२००+ धातुओं के दसों लकारों के रूप, कर्मणि-भावे प्रयोग व कृदन्त — धातु, क्रिया-रूप (गच्छति, अकरोत् ) या अर्थ (जाना, read ) से खोजें
गेप् (गेपृँ)
भ्वादिगण · आत्मनेपदी · धातुपाठ 01.0427
धात्वर्थ: कम्पने गतौ च — कांपना, जाना (to tremble,to shake, to go)
कर्तरि — आत्मनेपद कर्मणि / भावे कृदन्त
लट् लकार वर्तमान काल
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम गेपते गेपेते गेपन्ते मध्यम गेपसे गेपेथे गेपध्वे उत्तम गेपे गेपावहे गेपामहे
लोट् लकार आज्ञा / प्रार्थना
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम गेपताम् गेपेताम् गेपन्ताम् मध्यम गेपस्व गेपेथाम् गेपध्वम् उत्तम गेपै गेपावहै गेपामहै
लङ् लकार अनद्यतन भूतकाल
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम अगेपत अगेपेताम् अगेपन्त मध्यम अगेपथाः अगेपेथाम् अगेपध्वम् उत्तम अगेपे अगेपावहि अगेपामहि
विधिलिङ् लकार विधि / चाहिए / सम्भावना
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम गेपेत गेपेयाताम् गेपेरन् मध्यम गेपेथाः गेपेयाथाम् गेपेध्वम् उत्तम गेपेय गेपेवहि गेपेमहि
लृट् लकार सामान्य भविष्यत्
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम गेपिष्यते गेपिष्येते गेपिष्यन्ते मध्यम गेपिष्यसे गेपिष्येथे गेपिष्यध्वे उत्तम गेपिष्ये गेपिष्यावहे गेपिष्यामहे
लुट् लकार अनद्यतन भविष्यत्
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम गेपिता गेपितारौ गेपितारः मध्यम गेपितासे गेपितासाथे गेपिताध्वे उत्तम गेपिताहे गेपितास्वहे गेपितास्महे
लिट् लकार परोक्ष भूतकाल
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम जिगेपे जिगेपाते जिगेपिरे मध्यम जिगेपिषे जिगेपाथे जिगेपिध्वे उत्तम जिगेपे जिगेपिवहे जिगेपिमहे
लुङ् लकार सामान्य भूतकाल
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम अगेपिष्ट अगेपिषाताम् अगेपिषत मध्यम अगेपिष्ठाः अगेपिषाथाम् अगेपिध्वम् उत्तम अगेपिषि अगेपिष्वहि अगेपिष्महि
आशीर्लिङ् लकार आशीर्वाद
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम गेपिषीष्ट गेपिषीयास्ताम् गेपिषीरन् मध्यम गेपिषीष्ठाः गेपिषीयास्थाम् गेपिषीध्वम् उत्तम गेपिषीय गेपिषीवहि गेपिषीमहि
लृङ् लकार क्रियातिपत्ति (हेतुहेतुमद्भूत)
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम अगेपिष्यत अगेपिष्येताम् अगेपिष्यन्त मध्यम अगेपिष्यथाः अगेपिष्येथाम् अगेपिष्यध्वम् उत्तम अगेपिष्ये अगेपिष्यावहि अगेपिष्यामहि
कर्मणि प्रयोग में क्रिया कर्म के अनुसार (सकर्मक धातु), भावे प्रयोग में सदा प्रथम पुरुष एकवचन (अकर्मक धातु) — आत्मनेपद के प्रत्यय।
लट् लकार वर्तमान काल
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम गेप्यते गेप्येते गेप्यन्ते मध्यम गेप्यसे गेप्येथे गेप्यध्वे उत्तम गेप्ये गेप्यावहे गेप्यामहे
लोट् लकार आज्ञा / प्रार्थना
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम गेप्यताम् गेप्येताम् गेप्यन्ताम् मध्यम गेप्यस्व गेप्येथाम् गेप्यध्वम् उत्तम गेप्यै गेप्यावहै गेप्यामहै
लङ् लकार अनद्यतन भूतकाल
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम अगेप्यत अगेप्येताम् अगेप्यन्त मध्यम अगेप्यथाः अगेप्येथाम् अगेप्यध्वम् उत्तम अगेप्ये अगेप्यावहि अगेप्यामहि
विधिलिङ् लकार विधि / चाहिए / सम्भावना
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम गेप्येत गेप्येयाताम् गेप्येरन् मध्यम गेप्येथाः गेप्येयाथाम् गेप्येध्वम् उत्तम गेप्येय गेप्येवहि गेप्येमहि
लृट् लकार सामान्य भविष्यत्
पुरुष एकवचन द्विवचन बहुवचन
प्रथम गेपिष्यते गेपिष्येते गेपिष्यन्ते मध्यम गेपिष्यसे गेपिष्येथे गेपिष्यध्वे उत्तम गेपिष्ये गेपिष्यावहे गेपिष्यामहे
प्रत्यय प्रयोग / अर्थ प्रातिपदिक / अव्यय पुंलिङ्ग स्त्रीलिङ्ग नपुंसकलिङ्ग
ल्युट् भाववाचक/करणवाचक कृदन्त गेपन — — गेपनम्
ण्वुल् कर्तृवाचक कृदन्त गेपक गेपकः गेपिका गेपकम्
तृच् कर्तृवाचक कृदन्त गेपितृ गेपिता गेपित्री गेपितृ
ण्यत् विध्यर्थक कृदन्त गेप्य गेप्यः गेप्या गेप्यम्
तव्य विध्यर्थक कृदन्त (करना चाहिए) गेपितव्य गेपितव्यः गेपितव्या गेपितव्यम्
अनीयर् विध्यर्थक कृदन्त गेपनीय गेपनीयः गेपनीया गेपनीयम्
क्त भूतकालिक कर्मणि कृदन्त (निष्ठा) गेपित गेपितः गेपिता गेपितम्
क्तवतु भूतकालिक कर्तरि कृदन्त (निष्ठा) गेपितवत् गेपितवान् गेपितवती गेपितवत् / गेपितवद्
शानच् वर्तमानकालिक कृदन्त (आत्मनेपद) गेपमान गेपमानः गेपमाना गेपमानम्
क्त्वा पूर्वकालिक अव्यय (करके) गेपित्वा — — —
ल्यप् पूर्वकालिक अव्यय, उपसर्ग-सहित (करके) प्रगेप्य — — —
तुमुन् निमित्तार्थक अव्यय (करने के लिए) गेपितुम् — — —
णमुल् पूर्वकालिक/आभीक्ष्ण्य अव्यय गेपम् — — —
घञ् भाववाचक कृदन्त गेप गेपः — —
क्तिन् भाववाचक स्त्रीलिङ्ग कृदन्त गेप्ति — गेप्तिः —
क्वसु भूतकालिक (लिट्) कृदन्त जिगेप्वस् जिगेप्वान् जिगेपुषी जिगेप्वत् / जिगेप्वद्
इन कृदन्त-प्रातिपदिकों के सम्पूर्ण विभक्ति-रूप शब्द-रूपावली में देखें (जैसे क्त — भूत → पुंलिङ्ग "राम" के समान)।